Raipur De Addiction Campaign Review: रायपुर में नशामुक्ति अभियान समीक्षा बैठक में भारत माता वाहिनी योजना का विस्तार, पुनर्वास केंद्रों की क्षमता वृद्धि, नए नशामुक्ति केंद्रों की स्थापना और NCORD-NMBA के प्रभावी क्रियान्वयन पर विस्तार से चर्चा की गई। जानिए पूरी डिटेल।
Raipur NCORD NMBA Update: रायपुर स्थित मंत्रालय महानदी भवन, नवा रायपुर अटल नगर में छत्तीसगढ़ शराब व्यसन मुक्ति अभियान (भारत माता वाहिनी योजना) के प्रभावी क्रियान्वयन और आगामी कार्ययोजना की समीक्षा के लिए राज्य स्तरीय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता समाज कल्याण विभाग की प्रमुख सचिव श्रीमती शहला निगार ने की। इसमें समाज कल्याण विभाग के संचालक श्री रणवीर शर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी और विभागीय प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

नशामुक्ति अभियान की प्रगति और पुनर्वास सेवाओं की समीक्षा
बैठक में राज्य में चल रहे शराब व्यसन मुक्ति अभियान की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की गई। नशापीड़ित व्यक्तियों के पुनर्वास, नशामुक्ति केंद्रों के संचालन और भविष्य की कार्ययोजना पर भी चर्चा हुई। साथ ही 6 अक्टूबर 2023 की पिछली बैठक के पालन प्रतिवेदन की समीक्षा की गई और तय लक्ष्यों की प्रगति का आकलन किया गया।
भारत माता वाहिनी योजना का विस्तार और ग्राम पंचायतों में गठन
समिति ने निर्णय लिया कि प्रत्येक विकासखंड की उन नवीन ग्राम पंचायतों में, जिनकी जनसंख्या 1000 से अधिक है, भारत माता वाहिनी का गठन और विस्तार किया जाएगा। इसका उद्देश्य नशामुक्ति अभियान को ग्रामीण स्तर तक अधिक प्रभावी और सक्रिय बनाना है, ताकि समाज में जागरूकता बढ़ाई जा सके।
नशामुक्ति केंद्रों की क्षमता वृद्धि और नए केंद्रों की स्थापना
बैठक में सुझाव दिया गया कि 15 बिस्तरों वाले एकीकृत पुनर्वास केंद्रों की क्षमता को बढ़ाकर 50 बिस्तर किया जाए। साथ ही जिन जिलों में नशामुक्ति केंद्र नहीं हैं, वहां नए केंद्र स्थापित किए जाएंगे। इसके तहत मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई, सुकमा, बेमेतरा और कोरबा जिलों में नए केंद्र खोलने की योजना बनाई गई।
मॉनिटरिंग, वित्तीय समीक्षा और पारदर्शिता पर जोर
नशामुक्ति केंद्रों में सीसीटीवी कैमरे और बायोमैट्रिक उपस्थिति प्रणाली लगाने पर भी चर्चा हुई ताकि पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हो सके। वित्तीय वर्ष 2023-24, 2024-25 और 2025-26 के कार्यों और व्यय की समीक्षा की गई। साथ ही 2026-27 की कार्ययोजना, मानव संसाधन और प्रशासनिक आवश्यकताओं पर भी विचार हुआ।
NCORD और NMBA के प्रभावी क्रियान्वयन पर बल
बैठक में NCORD और NMBA योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सभी विभागों और सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी पर जोर दिया गया। नशामुक्त समाज के निर्माण के लिए विभागीय समन्वय, पुनर्वास सेवाओं की गुणवत्ता सुधार और जनजागरूकता गतिविधियों को व्यापक स्तर पर चलाने पर सहमति बनी।


