जबलपुर के बरगी डैम हादसे के बाद CM मोहन यादव ने सख्त कार्रवाई करते हुए क्रूज स्टाफ को हटाया और मैनेजर को निलंबित किया। 9 लोगों की मौत हुई, 28 को बचाया गया। मामले की जांच के लिए उच्च स्तरीय समिति बनाई गई है।

भोपाल। जबलपुर के बरगी डैम में हुए दर्दनाक हादसे के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सख्त कार्रवाई के मूड में नजर आए। उन्होंने इस मामले में लापरवाही बरतने वालों पर तुरंत कार्रवाई करते हुए कई कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दीं।

क्रूज स्टाफ पर सख्त कार्रवाई, सेवाएं समाप्त

मुख्यमंत्री के निर्देश पर क्रूज पायलट महेश पटेल, क्रूज हेल्पर छोटेलाल गोंड और टिकट काउंटर प्रभारी बृजेंद्र की सेवाएं तत्काल प्रभाव से समाप्त कर दी गईं। यह कदम हादसे में जिम्मेदारी तय करने के तहत उठाया गया है।

मैनेजर निलंबित, रीजनल मैनेजर पर जांच

होटल मैकल रिसॉर्ट और बोट क्लब बरगी के मैनेजर सुनील मरावी को कार्य में लापरवाही के कारण निलंबित कर दिया गया है। वहीं, रीजनल मैनेजर संजय मल्होत्रा को मुख्यालय अटैच कर उनके खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं।

उच्च स्तरीय जांच समिति का गठन

इस हादसे की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने उच्च स्तरीय जांच समिति बनाने का निर्णय लिया है। यह समिति तीन मुख्य बिंदुओं पर जांच करेगी-

  • हादसे के कारणों की शुरुआत से जांच
  • घटना के समय की परिस्थितियों का विश्लेषण
  • सुरक्षा प्रोटोकॉल का पालन हुआ या नहीं

नौका और एडवेंचर गतिविधियों के लिए SOP बनाने के निर्देश

मुख्यमंत्री ने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों, इसके लिए नौका पर्यटन, क्रूज पर्यटन और एडवेंचर स्पोर्ट्स जैसी सभी गतिविधियों के लिए सख्त SOP (Standard Operating Procedure) तैयार की जाएगी।

पीड़ित परिवारों से मिले CM मोहन यादव, जताया दुख

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जबलपुर में हादसे के पीड़ित परिवारों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी। उन्होंने मृतक नीतू सोनी और रियाज हुसैन के परिवारों के घर जाकर शोक संवेदनाएं व्यक्त कीं।

हादसे में 9 की मौत, 28 लोगों को बचाया गया

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि इस हादसे में 9 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 28 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया है। इस घटना से पूरे प्रदेश में शोक और स्तब्धता का माहौल है।

मुआवजे और सम्मान की घोषणा

राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। वहीं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी 2-2 लाख रुपये की सहायता का ऐलान किया है। इसके अलावा, जिन लोगों ने दूसरों की जान बचाई, उन्हें 51-51 हजार रुपये देने की घोषणा की गई है।

सरकार का सख्त संदेश: लापरवाही बर्दाश्त नहीं

मुख्यमंत्री ने साफ किया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। सरकार इस मामले में पूरी सख्ती के साथ कार्रवाई कर रही है, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।