हरदा में CM मोहन यादव ने जिला अस्पताल का निरीक्षण किया। बच्चों को मुफ्त चश्मे, टीबी मरीजों को पोषण किट बांटी और वृद्धाश्रम में बुजुर्गों का सम्मान किया।
भोपाल/हरदा। मध्यप्रदेश में सेवा संकल्प अभियान के तहत मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 9 अक्टूबर को हरदा जिला चिकित्सालय का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल में मिल रही स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया और मरीजों व उनके परिजनों से बातचीत कर उपचार की व्यवस्था के बारे में जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अंधत्व निवारण कार्यक्रम के तहत स्कूली बच्चों को निःशुल्क चश्मे वितरित किए। वहीं, क्षय रोग यानी टीबी से पीड़ित मरीजों को बेहतर पोषण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से फूड बास्केट भी प्रदान की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार समाज के हर वर्ग के साथ खड़ी है। लोगों की जरूरतों को पूरा करने और उन्हें बेहतर सुविधाएं देने के लिए लगातार काम किया जा रहा है। इसी सोच के साथ जनविश्वास अभियान के माध्यम से सरकार घर-घर तक पहुंच रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में मध्यप्रदेश लगातार प्रगति कर रहा है। प्रदेश सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और हर वर्ग को राहत देने के लिए कई योजनाएं संचालित कर रही है।
हरदा जिला अस्पताल में CM मोहन यादव ने मरीजों से जाना स्वास्थ्य सेवाओं का हाल
जिला अस्पताल के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मरीजों और उनके परिजनों से बातचीत की। उन्होंने उपचार की व्यवस्था, अस्पताल में उपलब्ध सुविधाओं और मरीजों को मिल रही स्वास्थ्य सेवाओं के बारे में जानकारी ली। इस दौरान मुख्यमंत्री का संवेदनशील अंदाज भी देखने को मिला। उन्होंने अस्पताल में मौजूद एक बुजुर्ग महिला से बातचीत कर उनकी कुशलक्षेम पूछी। महिला ने बताया कि अस्पताल में उनका इलाज अच्छी तरह हो रहा है और अब उन्हें पहले के मुकाबले आराम है। मुख्यमंत्री ने अस्पताल में मौजूद बच्चों से भी आत्मीयता से बातचीत की। उन्होंने बच्चों के सिर पर स्नेह से हाथ फेरते हुए उनका हालचाल पूछा। निरीक्षण के दौरान मरीजों से सीधे संवाद कर मुख्यमंत्री ने अस्पताल में मिल रही सुविधाओं की स्थिति जानने की कोशिश की।
हरदा में 1,156 बच्चों को मिलेंगे निःशुल्क चश्मे, 20,320 विद्यार्थियों की हुई जांच
सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव स्कूली बच्चों के बीच पहुंचे और उन्हें निःशुल्क चश्मे वितरित किए। उन्होंने शासकीय कन्या शाला की कक्षा 12वीं की छात्राओं शिवानी और छाया तथा शासकीय उत्कृष्ट विद्यालय की छात्रा मुस्कान को चश्मे प्रदान किए।
जिले में अंधत्व निवारण कार्यक्रम के तहत स्कूली बच्चों की आंखों की जांच के लिए व्यापक अभियान चलाया गया। इसके अंतर्गत 135 स्कूलों में कुल 20,320 बच्चों की जांच की गई। जांच के दौरान 1,156 बच्चों में दृष्टिदोष पाया गया। इन बच्चों को निःशुल्क चश्मे उपलब्ध कराए जा रहे हैं, ताकि उनकी आंखों की समस्या दूर करने और पढ़ाई में होने वाली परेशानियों को कम करने में मदद मिल सके।
टीबी मरीजों को पोषण किट, हर महीने मिलते हैं 1,000 रुपये
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम के दौरान टीबी मरीजों को पोषण आहार की फूड बास्केट भी वितरित की। प्रत्येक फूड बास्केट का वजन करीब 8 किलोग्राम है। इसमें प्रोटीन और कार्बोहाइड्रेट से भरपूर खाद्य सामग्री शामिल है। आटा, मूंगफली के दाने, दाल और चना जैसी चीजें मरीजों को पौष्टिक आहार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से दी जा रही हैं।
मुख्यमंत्री ने हरदा जिले के ग्राम झिरी की रामबाई धुर्वे और उषा गिनारे के साथ टिमरनी के परसराम लोवंशी को पोषण आहार की टोकरी प्रदान की। टीबी मरीजों की पोषण संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए नि-क्षय पोषण योजना भी संचालित की जा रही है। इस योजना के तहत क्षय रोगियों को पोषण सहायता के रूप में हर महीने 1,000 रुपये की राशि सीधे उनके बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से दी जाती है। हरदा जिले में टीबी उन्मूलन के लिए जांच और स्क्रीनिंग अभियान चलाया जा रहा है। अब तक जिले के हाईरिस्क गांवों और मोहल्लों में घर-घर जाकर 1 लाख 86 हजार 332 लोगों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है।
प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत हाईरिस्क गांवों और वार्डों में एआई आधारित हैंडहेल्ड एक्स-रे मशीनों और बलगम की जांच के जरिए संभावित टीबी मरीजों की पहचान की जा रही है। इसके साथ ही समाजसेवी संस्थाओं की मदद से टीबी मरीजों को पोषण आहार की फूड बास्केट उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसका उद्देश्य मरीजों को इलाज के दौरान जरूरी पोषण सहायता देना और टीबी उन्मूलन के प्रयासों को मजबूती देना है।
बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए हरदा जिला अस्पताल को मिला ISO सर्टिफिकेट
हरदा जिला अस्पताल को स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने के लिए आईएसओ सर्टिफिकेट मिला है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने यह प्रमाणपत्र हरदा कलेक्टर सिद्धार्थ जैन और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एचपी सिंह को प्रदान किया। जिला अस्पताल को मिला यह प्रमाणपत्र स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार और अस्पताल की व्यवस्थाओं को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
सेवा संकल्प अभियान: CM मोहन यादव ने वृद्धाश्रम में बुजुर्गों का किया सम्मान
हरदा प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ‘सेवा मेरा योगदान’ कार्यक्रम के अंतर्गत सार्थक सेवा वृद्धजन आश्रम पहुंचकर वहां रह रहे बुजुर्गों से मुलाकात की। उन्होंने वृद्धजनों की कुशलक्षेम पूछी और उन्हें शॉल, श्रीफल तथा उपहार भेंट कर सम्मानित किया। बुजुर्गों ने भी मुख्यमंत्री के प्रति स्नेह जताया और उन्हें आशीर्वाद दिया।
मुख्यमंत्री ने वृद्धाश्रम का भ्रमण कर वहां उपलब्ध सुविधाओं और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने सेवा संकल्प अभियान के तहत आश्रम में आयोजित विभिन्न गतिविधियों पर आधारित प्रदर्शनी भी देखी। इसमें आश्रम में आयोजित भ्रमण, मुलाकात, सम्मान और अन्य गतिविधियों की जानकारी प्रदर्शित की गई थी।
सार्थक सेवा आश्रय समिति को सामाजिक न्याय विभाग की ओर से संस्था के रूप में शासन स्तर पर मान्यता प्राप्त है। जिला प्रशासन के निर्देशन में समिति वृद्धाश्रम का आधिकारिक संचालन कर रही है। संस्था की ओर से आश्रम में रहने वाले बुजुर्गों को पारिवारिक माहौल देने का प्रयास किया गया है। यहां उन्हें अपनापन और सम्मान मिलने के साथ स्वास्थ्य सुविधाएं, पौष्टिक भोजन और मानसिक शांति उपलब्ध कराने पर भी ध्यान दिया जाता है। वर्तमान में इस 50 सीटर वृद्धाश्रम में 37 बुजुर्ग रह रहे हैं। इनमें 19 महिलाएं और 18 पुरुष शामिल हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं से लेकर बुजुर्गों की देखभाल तक, सेवा पर जोर
हरदा में सेवा संकल्प अभियान के तहत मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की गतिविधियों में स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा, स्कूली बच्चों की आंखों की जांच, टीबी मरीजों को पोषण सहायता और वृद्धजनों के सम्मान जैसे मुद्दे प्रमुख रहे। जिला अस्पताल को आईएसओ सर्टिफिकेट मिलना भी स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता सुधारने के प्रयासों से जुड़ी एक अहम उपलब्धि है। इन कार्यक्रमों के जरिए सरकार ने स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने, जरूरतमंद मरीजों को सहायता देने और बुजुर्गों को सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर दिया।


