MP के खंडवा में BJP नेता संतोष पांडे ने आत्महत्या कर ली। मौत से पहले रिकॉर्ड किए गए वीडियो में 4 नामों का खुलासा कर सनसनी फैला दी। क्या ये खुदकुशी थी या किसी गहरी साजिश का हिस्सा? परिजन न्याय की गुहार में भटक रहे हैं।

MP BJP leader suicide: मध्य प्रदेश के खंडवा ज़िले में राजनीति उस वक्त हिल गई जब भाजपा के पूर्व जिला महामंत्री संतोष पांडे ने कीटनाशक पीकर आत्महत्या कर ली। वह लंबे समय से जमीन विवाद में परेशान चल रहे थे। घटना ने राजनीतिक हलकों और पुलिस प्रशासन दोनों को झकझोर दिया है।

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ऑफिस में लिया ज़हर, गंभीर 

हालत में पहुंचे इंदौर, लेकिन नहीं बच सके बताया जा रहा है कि बुधवार को संतोष पांडे खंडवा के सिंगाड़ तलाई स्थित अपने कार्यालय में थे, जहां उन्होंने ज़हर खा लिया। परिजन शाम को जब चाय देने पहुंचे तो वह बेहोश मिले। तुरंत उन्हें पहले स्थानीय अस्पताल और फिर इंदौर के एमवाय हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां गुरुवार सुबह उनकी मौत हो गई।

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मौत से पहले रिकॉर्ड किए तीन वीडियो, वायरल होने से मचा हड़कंप 

संतोष पांडे ने मरने से पहले अस्पताल में अपने परिवार की मदद से तीन वीडियो रिकॉर्ड किए, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो चुके हैं। इन वीडियो में उन्होंने अपनी आत्महत्या की वजह बताते हुए चार लोगों के नाम लिए हैं:

  1. राजू मंडलोई
  2. उपेंद्र मंडलोई
  3. संजय बिड़ला
  4. विजय बिड़ला

उन्होंने बताया कि ये लोग उन्हें जमीन छोड़ने के लिए प्रताड़ित कर रहे थे और मानसिक दबाव बना रहे थे।

सुसाइड नोट की तलाश में जुटे परिजन, पुलिस को नहीं मिला कोई लिखित बयान 

परिजनों का दावा है कि संतोष पांडे ने एक सुसाइड नोट भी छोड़ा था, लेकिन पुलिस को अब तक ऐसा कोई दस्तावेज नहीं मिला है। न ही उनके कार्यालय और न ही अस्पताल में इसकी पुष्टि हुई है। पुलिस फिलहाल वीडियो को ही आधार मानकर जांच कर रही है।

जांच का जिम्मा अब इंदौर की पुलिस को सौंपा गया 

चूंकि संतोष पांडे की मौत इंदौर में हुई, इसलिए केस की जांच अब विजयनगर थाना, इंदौर को सौंपी गई है। खंडवा पुलिस ने पुष्टि की कि घटनास्थल भले ही खंडवा हो, लेकिन मौत इंदौर में हुई है, इसलिए आगे की विधिक कार्रवाई वहीं से होगी।

परिजनों की न्याय की गुहार, सियासी गलियारों में शोक 

परिवार अब इंसाफ की मांग कर रहा है। राजनीतिक हलकों में भी इस घटना से शोक और आक्रोश दोनों है। भाजपा नेताओं से लेकर आम नागरिकों तक, सब जानना चाहते हैं – आख़िर संतोष पांडे को किसने इस कदर तोड़ दिया?