Bundi School Ceiling Collapse: स्वतंत्रता दिवस कार्यक्रम के दौरान बूंदी के निजी स्कूल में ऑडिटोरियम की छत गिरने से 5 छात्र घायल। अभिभावकों ने प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया, प्रशासन ने जांच के आदेश दिए।

 Bundi School Tragedy Unfolds: स्वतंत्रता दिवस पर जहां पूरे देश में तिरंगे के रंग में उत्सव का माहौल था, वहीं राजस्थान के बूंदी जिले से एक दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई। शहर के एक निजी स्कूल में स्वतंत्रता दिवस का कार्यक्रम चल रहा था, तभी ऑडिटोरियम की फॉल्स सीलिंग का बड़ा हिस्सा अचानक गिर गया। इस हादसे में पांच छात्र-छात्राएं घायल हो गए, जिन्हें तत्काल जिला अस्पताल पहुंचाया गया।

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स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित कार्यक्रम के बीच हुआ हादसा

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ऑडिटोरियम में छात्रों और अभिभावकों की मौजूदगी में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां चल रही थीं। तभी ऊपर से जोरदार आवाज आई और फॉल्स सीलिंग का एक बड़ा टुकड़ा सीधे बच्चों पर आ गिरा। इस अप्रत्याशित घटना से अफरा-तफरी मच गई और लोग बच्चों को बचाने के लिए दौड़ पड़े।

घायल छात्रों में चार लड़कियां और एक लड़का 

हादसे में घायल छात्रों में चार लड़कियां और एक लड़का शामिल हैं। सभी की उम्र 10 से 14 साल के बीच बताई जा रही है। अस्पताल सूत्रों के अनुसार, फिलहाल सभी छात्र खतरे से बाहर हैं, लेकिन दो को सिर व कंधे में गंभीर चोटें आई हैं।

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प्रशासन की त्वरित प्रतिक्रिया 

घटना की जानकारी मिलते ही तहसीलदार अर्जुन सिंह और शहर कोतवाल भंवर सिंह तुरंत अस्पताल पहुंचे। उन्होंने घायलों का हालचाल लिया और डॉक्टरों को हरसंभव बेहतर इलाज के निर्देश दिए। प्रशासन ने स्कूल प्रबंधन से हादसे की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।

अभिभावकों ने क्यों जताया स्कूल प्रशासन पर गुस्सा?

अस्पताल में मौजूद घायल बच्चों के माता-पिता ने स्कूल प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया। उनका कहना है कि ऑडिटोरियम की छत लंबे समय से जर्जर हालत में थी, लेकिन समय रहते उसकी मरम्मत नहीं की गई। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई और स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था की जांच की मांग की।

सुरक्षा मानकों पर उठे सवाल 

यह हादसा एक बार फिर निजी स्कूलों में सुरक्षा मानकों को लेकर सवाल खड़ा करता है। विशेषज्ञों का कहना है कि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए स्कूलों में समय-समय पर भवनों की तकनीकी जांच और मरम्मत अनिवार्य होनी चाहिए। तहसील प्रशासन ने घटना की जांच के आदेश दिए हैं। रिपोर्ट आने के बाद दोषी पाए जाने पर स्कूल प्रबंधन के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

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