राजस्थान के वरिष्ठ नेता महेश जोशी को कांग्रेस ने जारी की दो लिस्ट में टिकट नहीं दिया है। ऐसे में अब वह टिकट की आस में भगवान गोवर्धन गिर्राज की परिक्रमा करने पहुंच गए हैं। शायद अब उन्हें टिकट मिल जाए।

जयपुर। राजनीति में एक बयान ही सब कुछ हो जाता है। और बयान देने वाला अगर कोई बड़े स्तर का नेता हो तो फिर तो उसका बयान भी काफी मायने रखता है। राजनीति चाहे कितने ही साल पुरानी क्यों न हो, किसी भी नेता के लिए आलाकमान के खिलाफ दिया गया एक बयान भी कभी-कभी उसके आगे के रास्ते बंद कर सकता है। कुछ ऐसा ही हुआ राजस्थान में गहलोत के बाद नंबर दो माने जाने वाले नेता महेश जोशी के साथ। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

दिल्ली में आलाकमान के यहां कई बार ढोक लगाने के बाद अब वे गिर्राज धरण की शरण में पहुंचे हैं। कहा जाता है कि यहां पैदल 22 कोस की परिक्रमा करने पर हर किसी की मुराद जरूर पूरी होती है। 

आलाकमान के खिलाफ कर दी थी बयानबाजी
दरअसल राजस्थान के तीन बड़े नेता जिनमें महेश जोशी, शांति धारीवाल और धमेन्द्र राठौड़ ने कुछ महीनों पहले आलाकमान यानि सोनिया और राहुल गांधी के खिलाफ बयानबाजी कर दी थी। उसके बाद चुनाव आया तो अब आलाकमान का नंबर आया। अब टिकट बांटने को लेकर कांग्रेस ने दो लिस्ट निकाल दी हैं लेकिन दोनों में सूची में महेश जोशी का नंबर नहीं है। 

पहली लिस्ट में था नंबर आने का दावा
जबकि उनका दावा था कि पहली ही लिस्ट में उनका नंबर आ जाएगा। उनके सबसे नजदीकी सीएम गहलोत भी इस बारे में कुछ नहीं कर सके। पिछले सप्ताह वे दिल्ली में अजय माकान और अन्य नेताओं से मिले थे। लेकिन वहां से भी कुछ उम्मीद नजर नहीं आई।

पढ़ें राजस्थान की सबसे बुजुर्ग BJP विधायक सूर्यकांता व्यास से 24 घंटे में 2 बार क्यों मिले अशोक गहलोत?

अगली लिस्ट में मिल सकता है टिकट
अब वे अचूक रास्ते पर चल पड़े हैं यानि भगवान की शरण में। वे अब गोवर्धन गिर्राज की पैदल यात्रा पर हैं। करीब 22 कोस की इस पैदल यात्रा पर कई बारव वह सड़क पर धोक लगाते दिख रहे हैं। उनकी ये फोटोज वायरल हो रही है। लोगों का कहना है कि अब जोशी भगवान की शरण में पहुंच गए हैं तो उनका टिकट पक्का है। उनको भी उम्मीद है कि दो दिन में कांग्रेस की जो तीसरी लिस्ट आ रही है उसमें उनका नाम शामिल हो सकता है।