राजस्थान के दौसा जिले में आज प्रियंका गांधी ने रोड करने के साथ सभा की। इस दौरान उन्होंने केंद्र की मोदीर सरकार पर भी हमला बोला। 

दोसा। कांग्रेस की वरिष्ठ नेता प्रियंका गांधी आज राजस्थान दौरे पर रहीं। प्रियंका गांधी आज दिन में 11 बजे दौसा पहुंचीं जहं उनका जोरदार स्वागत किया गया। पहले वह विमान से जयपुर पहुंची और फिर वहां से सीएम अशोक गहलोत के साथ चार्टर्ड विमान में बैठकर दौसा जिला पहुंची। वहां उन्होंने रोड शो किया जिसमें बड़ी संख्या में भीड़ देखने को मिली। इस रैली में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट समेत सरकार के कई मंत्री और नेता शामिल रहे।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

पीएम महंगे दाम में बेच रहे, फिर भी गहलोत फ्री में दे रहे बिजली
इस दौरान हुई सभा में प्रियंका गांधी ने कहा कि राजस्थान में सबसे सस्ते रेट पर बिजली है। 1 करोड़ से भी ज्यादा लोगों का बिल शून्य है यानी वह मुफ्त में बिजली इस्तेमाल कर रहे हैं। जबकि अभी कुछ समय पहले ही जानकारी सामने आई है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के एक बिजनेसमैन मित्र इंडोनेशिया से कोयला खरीद रहे हैं और बहुत महंगे दामों में बिजली बेच रहे हैं। वो तो आपकी जेब से पैसा निकाल रहे हैं। उसके बाद भी अशोक गहलोत गरीबों को बिजली फ्री दे रहे हैं।

प्रियंका गांधी ने वहां मौजूद महिलाओं को साधते हुए कहा कि मनरेगा का पैसा सरकार ने कम कर दिया है, जबकि मनरेगा जैसी स्कीम से करोड़ों लोगों को रोजगार मिलता है। ऐसे में लोगों के रोजगार पर भी आने वाले दिनों में असर पड़ेगा। 

पढ़ें उम्र में बड़ा फर्क, लेकिन गहलोत-पायलट की पसंद एक जैसी, यकीन नहीं तो देखिए…

ईआरसीपी का मुद्दा उठाया
प्रियंका गांधी ने कहा कि ईआरसीपी जैसा बड़ी योजना शुरू करने के केंद्र सरकार कोई कदम नहीं उठा पा रही है। अगर ये योजना शुरू हो जाए तो राजस्थान के 13 जिलों की पानी की समस्या हमेशा के लिए खत्म हो जाएगी, लेकिन प्रधानमंत्री इस मुद्दे पर बात ही नहीं करते हैं।

प्रियंका ने अग्निवीर योजना पर सरकार की खिंचाई की 
प्रियंका गांधी ने कहा कि केंद्र सरकार रोजगार नहीं दे पा रही है। बेरोजगारी की बात ही नहीं की जा रही है। युवा नौकरी के लिए तैयारी करते-करते थक जा रहे रहे लेकिन वैकेंसी ही नहीं आ रही। प्रियंका गांधी ने हाल ही में सरकार की ओर से लाई गई अग्नि वीर योजना की भी खींचाई की।‌ उन्होंने कहा कि आज का युवा इस तरह तीन साल का रोजगार नहीं चाहते, वह स्थाई जॉब चाहते हैं।‌ सरकार उनको हायर करती है तो उन्हें पेंशन जैसी सुविधाओं तक लेकर जाना चाहिए, ताकि उनका जीवन बेहतर बन सके।