राजस्थान के सीएम भजनलाल शर्मा को जान से मारने की धमकी मिलने के बाद हड़कंप मच गया। पुलिस ने तुरंत एक्शन लेते हुए आरोपी को धर दबोचा है। इस धमकी के बाद सुरक्षा की पोल भी खुल गई है। क्योंकि जो धमकी मिली है वह सेंट्रल जेल से मिली है।

जयपुर. राजस्थान में नई सरकार बनने के बाद एक तरफ जहां सरकार के मुखिया भजनलाल शर्मा और उनके मंत्री राजस्थान में कानून व्यवस्था मजबूत करने की बात कर रहे हैं। इसी बीच राजस्थान की राजधानी जयपुर से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को ही जान से मारने की धमकी मिली। हालांकि मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। इसके साथ ही दो सरकारी कर्मचारी भी सस्पेंड कर दिए गए हैं।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

सेंट्रल जेल से मिली धमकी

दरअसल जयपुर कंट्रोल रूम को यह धमकी मिली। जयपुर की सेंट्रल जेल में पोक्सो एक्ट के मामले में सजा काट रहे आरोपी ने यह यह धमकी दी। धमकी मिलने के बाद जयपुर के पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया। हालांकि उन्होंने लोकेशन ट्रेस करके आरोपी को पकड़ लिया। पुलिस ने जब जांच शुरू की तो सामने आया कि जयपुर की सेंट्रल जेल से यह कॉल आया था। जब पुलिस ने वहां जाकर तलाश की तो दो कैदियों के पास मोबाइल मिले। पुलिस ने वार्डन अजय सिंह राठौड़ और मनीष कुमार को इस मामले में सस्पेंड किया है।

धमकी देकर मोबाइल करे बंद

जयपुर पुलिस के अनुसार आरोपी ने धमकी देने के बाद मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया था। लेकिन पुख्ता लोकेशन के जरिए पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया। अब पुलिस इस मामले में जांच कर रही है कि आखिरकार जेल में मोबाइल पहुंचा कैसे। जयपुर सेंट्रल जेल प्रदेश की टॉप सुरक्षित जेल में शामिल है। लेकिन यहां मोबाइल मिलने के बाद सुरक्षा दावों की पोल खुल गई है।

पहले भी जेल के अंदर मोबाइल

यह पहला मामला नहीं है जब जेल में मोबाइल से कोई बड़ा अपराध हुआ हो। इसके पहले साल 2022 में हुए गैंगस्टर राजू ठेहट मर्डर कांड में भी सामने आया था कि अजमेर जेल में बंद आरोपी कुलदीप को रोहित गोदारा के गुर्गों ने मोबाइल पहुंचाया था। और फिर उस मोबाइल के जरिए कुलदीप ने दो शूटर भी तैयार किए।