गोरखपुर का एक परिवार बहुत बड़े धोखे का शिकार हुआ. यहां एक शख्स ने खुद को IAS अफसर बताकर उनकी बेटी से शादी की और 15 लाख रुपये भी ले लिए. आरोपी प्रीतम निषाद ने भरोसा जीतने के लिए फर्जी तस्वीरें और वीडियो दिखाए. शादी के बाद जब दुल्हन को उसके दावों पर शक हुआ तो वह भाग गया. लड़की का आरोप है कि आरोपी उसे गोवा में बेचने की फिराक में था।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक परिवार के साथ बहुत बड़ा धोखा हुआ. यहां एक शख्स ने खुद को IAS अफसर बताकर उनकी बेटी से शादी कर ली. इतना ही नहीं, उसने परिवार से लाखों रुपये भी ऐंठ लिए और बाद में फ्रॉड निकला. आरोपी की पहचान इटावा के रहने वाले प्रीतम कुमार निषाद के तौर पर हुई है. वह फिलहाल फरार है और पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है.
परिवार अपनी बेटी के लिए एक कम्युनिटी व्हाट्सएप ग्रुप पर अच्छा रिश्ता ढूंढ रहा था. यहीं पर उनकी नजर प्रीतम की प्रोफाइल पर पड़ी. दैनिक भास्कर की एक रिपोर्ट के मुताबिक, उसके बायोडाटा में लिखा था कि वह एक IAS अफसर है और मानिकपुर में पोस्टेड है.
भरोसा जीतने के लिए फर्जी पहचान का इस्तेमाल
परिवार को यकीन दिलाने के लिए प्रीतम ने कई तस्वीरें और वीडियो भेजे. इनमें ऑफिस में बैठे हुए क्लिप्स, नेताओं के साथ तस्वीरें और यहां तक कि टीवी इंटरव्यू के वीडियो भी शामिल थे, जिन्हें वह अपना बता रहा था. परिवार उसकी बातों में आ गया और उन्हें लगा कि उनकी बेटी के लिए एक IAS अफसर का रिश्ता मिलना बड़ी किस्मत की बात है.
उसने परिवार से कहा कि उसे दहेज नहीं चाहिए, बस एक अच्छी दुल्हन चाहिए. इससे यह रिश्ता और भी आकर्षक लगने लगा. परिवार ने झट से हां कर दी और सगाई-शादी की तारीखें पक्की हो गईं.
शादी से पहले मांगे पैसे
सगाई से ठीक तीन दिन पहले, प्रीतम ने शादी के खर्चों के लिए 15 लाख रुपये की मांग कर दी. दबाव में आकर परिवार ने सगाई वाले दिन 10 लाख रुपये कैश और बाकी 5 लाख रुपये शादी की रस्मों के दौरान दिए.
उसने यह भी कहा कि घर का सामान अभी न दें, क्योंकि उसकी नौकरी में बार-बार ट्रांसफर होते रहते हैं और वह बाद में सब कुछ खुद अरेंज कर लेगा.
धूमधाम से हुई शादी, लेकिन खुल गई पोल
शादी 11 मार्च, 2026 को गोरखपुर के एक मैरिज हॉल में हुई. परिवार ने इस समारोह पर करीब 30 लाख रुपये खर्च किए. शादी के बाद दुल्हन प्रीतम के साथ चली गई.
हालांकि, जल्द ही चीजें संदिग्ध लगने लगीं. जब वह उसके घर पहुंची, तो देखा कि वह सिर्फ एक कमरे का छोटा सा मकान था. पूछने पर प्रीतम ने दावा किया कि यह अस्थायी है और उसे जल्द ही सरकारी घर मिल जाएगा.
दुल्हन ने बजाई खतरे की घंटी, आरोपी फरार
दुल्हन को शक हुआ और उसने अपने परिवार को इसकी जानकारी दी. इस बीच, परिवार ने भी प्रीतम से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन उससे बात नहीं हो पाई. पूछताछ करने पर उन्हें पता चला कि वह कोई IAS अफसर नहीं, बल्कि एक धोखेबाज है.
जब परिवार उसके घर पहुंचा, तो प्रीतम और उसकी बहन पहले ही भाग चुके थे. दुल्हन को सुरक्षित वापस लाया गया.
दुल्हन को बेचने की साजिश का आरोप
पीड़िता ने बाद में अपने परिवार को बताया कि सफर के दौरान प्रीतम उसे गोवा ले जाकर बेचने की योजना बना रहा था. इस बात ने गंभीर चिंता पैदा कर दी है कि वह किसी बड़े आपराधिक नेटवर्क में शामिल हो सकता है.
स्थानीय लोगों ने यह भी दावा किया कि उसने पहले भी इसी तरह की धोखाधड़ी की है और हो सकता है कि उसने फर्जी पहचान का इस्तेमाल करके कई महिलाओं से शादी की हो.
पुलिस ने जांच शुरू की
पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी है. अधिकारियों ने कहा कि धोखाधड़ी और संभावित मानव तस्करी के लिंक सहित सभी आरोपों की जांच की जा रही है.
इस मामले ने कई लोगों को झकझोर कर रख दिया है और यह एक चेतावनी है कि शादी-ब्याह, खासकर ऑनलाइन ग्रुप्स के जरिए तय करने से पहले पूरी तरह से जांच-पड़ताल कर लेनी चाहिए.


