उत्तर प्रदेश में बस और वैन की भीषण टक्कर में 5 लोगों की जान गई, 10 घायल। क्या यह तेज रफ्तार, ओवरलोडिंग या प्रशासन की लापरवाही का परिणाम है, और क्या आगे भी बचा जा सकता था?

लखीमपुर। उत्तर प्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले में रविवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। यहां लखीमपुर से लखनऊ जा रही एक रोडवेज बस और सीतापुर से आ रही मारुति ओमनी वैन की आमने-सामने टक्कर हो गई। इस हादसे में दो साल के बच्चे समेत कम से कम पांच लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 10 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

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क्या सड़क निर्माण बना हादसे की वजह?

पुलिस और जिला प्रशासन के मुताबिक जिस जगह हादसा हुआ वहां सड़क के एक हिस्से पर निर्माण कार्य चल रहा था। इसकी वजह से दोनों तरफ का ट्रैफिक एक ही लेन पर चल रहा था। इसी दौरान तेज रफ्तार बस और ओवरलोड वैन आमने-सामने टकरा गई। बताया जा रहा है कि 7 सीटर वैन में 15 लोग सवार थे। अधिकारियों के अनुसार, जिस जगह यह हादसा हुआ वहां सड़क के एक तरफ निर्माण कार्य चल रहा था। इस वजह से दोनों ओर का ट्रैफिक एक ही लेन से गुजर रहा था।

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घायलों का इलाज और प्रशासन की कार्रवाई

हादसे के तुरंत बाद घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया। गंभीर रूप से घायल छह लोगों को बेहतर इलाज के लिए लखनऊ ट्रॉमा सेंटर रेफर कर दिया गया। खुद जिला मजिस्ट्रेट दुर्गा शक्ति नागपाल और एसपी संकल्प शर्मा अस्पताल पहुंचे और चिकित्सा व्यवस्था का जायजा लिया। अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि पीड़ित परिवारों को मुआवज़ा दिया जाएगा और घायलों का पूरा इलाज करवाया जाएगा।

क्या सड़क हादसों को रोका जा सकता है?

जिला प्रशासन ने आश्वासन दिया कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे। हादसे की वजह का पता लगाने और भविष्य में सुरक्षा बढ़ाने के लिए उपाय किए जाएंगे। जिला प्रशासन का कहना है कि भविष्य में ऐसे हादसे न हों इसके लिए मौके का निरीक्षण किया जाएगा। सड़क निर्माण से जुड़े कारणों की जांच होगी और सुधारात्मक कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

वायरल वीडियो ने बढ़ाया विवाद

हादसे के बाद एक और घटना चर्चा में रही। सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आया जिसमें जिला मजिस्ट्रेट घटना स्थल पर मुस्कुराते हुए नजर आईं। इस वीडियो को लेकर लोगों ने नाराजगी जाहिर की और प्रशासन की संवेदनशीलता पर सवाल खड़े किए।