उत्तर प्रदेश ने 2025-26 में 3.47 लाख रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन कर रिकॉर्ड बनाया। कुल क्षमता 1161 मेगावाट पहुंच गई। अंतिम तिमाही में तेज बढ़ोतरी देखी गई। पीएम सूर्य घर योजना में यूपी नंबर वन बन गया है और ग्रीन एनर्जी की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में बड़ी उपलब्धि हासिल की है। राज्य में रिकॉर्ड 3,47,729 रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए गए। इसके साथ ही प्रदेश की कुल स्थापित सोलर क्षमता 1161.756 मेगावाट तक पहुंच गई है, जो ग्रीन एनर्जी की दिशा में तेजी से बढ़ते कदम को दर्शाता है।
महीने दर महीने सोलर इंस्टॉलेशन ट्रेंड (Monthly Solar Installation Data UP)
अगर पूरे वर्ष के आंकड़ों पर नजर डालें तो अप्रैल 2025 में 15,836 इंस्टॉलेशन के साथ शुरुआत हुई। इसके बाद मई में 18,509 और जून में 18,494 संयंत्र लगाए गए। जुलाई से इसमें बड़ा उछाल देखने को मिला, जहां 29,850 इंस्टॉलेशन हुए और क्षमता 100 मेगावाट से अधिक पहुंच गई। अगस्त और सितंबर में भी यह गति बनी रही। अक्टूबर में हल्की गिरावट देखने को मिली, लेकिन नवंबर (30,894) और दिसंबर (31,164) में फिर से तेजी आई।
अंतिम तिमाही में रिकॉर्ड बढ़ोतरी (Solar Boom Jan–March 2026)
वर्ष के अंतिम तीन महीनों में सोलर इंस्टॉलेशन ने नया रिकॉर्ड बनाया।
- जनवरी 2026: 33,314 संयंत्र
- फरवरी 2026: 35,804 संयंत्र
- मार्च 2026: 52,729 संयंत्र (साल का सबसे बड़ा आंकड़ा)
सिर्फ मार्च महीने में ही 173.84 मेगावाट क्षमता जोड़ी गई, जो किसी एक माह में अब तक की सबसे बड़ी वृद्धि है।

सरकारी नीतियों और सब्सिडी का असर (Solar Subsidy & Policy Impact UP)
यूपीनेडा के डायरेक्टर इंद्रजीत सिंह के अनुसार, अंतिम तिमाही में आई यह तेजी सरकार की प्रभावी नीतियों, सब्सिडी योजनाओं और मजबूत क्रियान्वयन का परिणाम है। इससे न केवल बिजली उत्पादन बढ़ा है, बल्कि उपभोक्ताओं को सस्ती और स्वच्छ ऊर्जा भी मिल रही है।
पीएम सूर्य घर योजना में यूपी नंबर वन (PM Surya Ghar Yojana UP Rank)
उत्तर प्रदेश अब सोलर ऊर्जा के क्षेत्र में देश के अग्रणी राज्यों में शामिल हो गया है। राज्य पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना में नंबर वन बन गया है। कुल सोलर क्षमता और भविष्य की दिशा (Total Solar Capacity UP Future Growth)
अब तक प्रदेश में कुल 4,48,233 रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन हो चुके हैं, जिससे रोजाना लगभग 1524 मेगावाट बिजली का उत्पादन हो रहा है। लगातार बढ़ती इंस्टॉलेशन दर यह संकेत देती है कि आने वाले समय में उत्तर प्रदेश ग्रीन एनर्जी और ऊर्जा आत्मनिर्भरता के लक्ष्य को तेजी से हासिल करेगा।


