Florida में नाइट क्लब जाने वाली कुछ लड़कियों का इंटव्यू किया गया। उनसे पूछा गया कि सर्द रातों में उन्हें ठंड क्यों नहीं लगती। इसके बाद रिसर्चर्स ने इसपर एक पेपर प्रजेंट किया। 

नई दिल्ली. वैज्ञानिकों (Scientists) ने दुनिया के ऐसे कई रहस्यों (Mysteries of the World) को सुलझाया है, जिन्होंने लोगों को काफी परेशान किया। यही वजह है कि हर साल 10 नवंबर (10 November) को वर्ल्ड साइंस डे (World Science Day) मनाया जाता है। इस दिन विज्ञान और वैज्ञानिकों से जुड़ी बातों का जिक्र करना जरूरी हो जाता है। विज्ञान इसलिए भी सभी विधाओं से अलग है, क्योंकि इसमें लॉजिक पर बात की जाती है। अब सोचिए कि इसका क्या लॉजिक हो सकता है कि रात में कम कपड़े पहनने वाली महिलाओं को ठंड क्यों नहीं लगती है। वैज्ञानिकों ने इसपर भी शोध किया और जवाब सामने रखा।

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महिलाओं को कम ठंड लगने के पीछे वजह
रिसर्चर्स ने इस बात का खुलासा किया कि आखिर क्यों कुछ महिलाओं को रात में कम कपड़े पहनने के बाद भी ठंड नहीं लगती है। ब्रिटिश जर्नल ऑफ सोशल साइकोलॉजी में पब्लिश एक रिपोर्ट में बताया गया कि जब आप हॉट दिख रहे होते हैं तो इसका मतलब ये नहीं है कि आप को ठंड नहीं लग रही है। सबूत के तौर पर आप खुद बाहर निकलते हैं तो फोकस में क्या होता है। अगर ठंड है तो वही महसूस होगी। वहीं महिलाओं के साथ ऐसा नहीं होता है। महिलाओं का फोकस अच्छा दिखने पर होता है।

रिसर्च से जुड़े हुए लेखकों में से एक रोक्सैन फेलिग ने टिकटॉक पर खुलासा किया कि जब कोई इसपर ज्यादा फोकस करता है कि वह बाहर से कैसा दिख रहा है तो बाकी चीजे जैसे ठंड उसके लिए सेकेंडरी हो जाती है। उसने कहा कि अध्ययन कुछ हद तक रैपर कार्डी बी के 2014 के दावे पर आधारित था। दक्षिण फ्लोरिडा यूनिवर्सिटी के सामाजिक मनोविज्ञान स्नातक छात्र रौक्सैन ने कहा, कार्डी ने जो कहा, उसका मतलब साफ है कि ठंड लगना आपकी प्रॉयोरिटी पर भी निर्भर करता है। जब महिलाएं खुद को दिखाने की स्थिति में होती हैं तो उन्हें इस बात की परवाह नहीं होती है कि कितनी भूख लगी है। 

फ्लोरिडा में महिलाओं से की गई बात
रिसर्च करने वाली टीम ने उन महिलाओं का इंटरव्यू किया, फ्लोरिडा में ठंड की रातों में क्लब जाने की तैयारी में थीं। यहां टेंम्परेचर 4 डिग्री सेल्सियस और 10 डिग्री सेल्सियस के बीच था। इनसे कई सवाल पूछे गए, जिसमें एक बात सामने आई कि उन्होंने सेल्फ ऑब्जेक्टिफिकेशन पर ज्यादा फोकस किया। रिसर्चर्स ने कई तस्वीरें भी लीं। वैज्ञानिक इस नतीजे पर पहुंचे कि खुद को ऑब्जेक्ट के तौर पर प्रजेंट करने वाली महिलाओं को ज्यादा सर्दी का अहसास हो रहा था।

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