यूपी के जिले महोबा रेलवे स्टेशन पर सिपाही के हौसले के चलते रक्षाबंधन मनाने जा रही महिला सहित दो बच्चों की जान बचा ली है। यह मामला महोबा जंक्शन रेलवे स्टेशन परिसर के प्लेटफार्म का है। ट्रेन पर चढ़ने से पहले उसका पैर फिसल गया था। जिसके चलते वह अपने दोनों बच्चों के साथ ट्रेन के नीचे जाने लगी थी।

महोबा: उत्तर प्रदेश के जिले महोबा में जीआरपी में तैनात सिपाही ने बड़ी दुर्घटना होने से बचा लिया। ऐसा कहा जाता है कि जाको राखे साइयां, मार सके ना कोई की कहावत जीआरपी पुलिस में तैनात नीरज कुमार करवरिया की तत्परता पर बिल्कुल सटीक बैठती है क्योंकि रक्षाबंधन के त्योहार पर अपने दो बच्चों के साथ ट्रेन पर चढ़ने के दौरान पैर फिसल गया। इस दौरान पुलिस के जवान ने साहस दिखाते हुए महिला सहित दोनों बच्चों को खींचकर उनकी जान बचा ली है। 

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ट्रेन में चढ़ने के दौरान महिला का फिसला पैर 
जानकारी के अनुसार यह हादसा शहर के जंक्शन रेलवे स्टेशन परिसर के प्लेटफॉर्म का है। जहां वीरांगना लक्ष्मीबाई से प्रयागराज जा रही ट्रेन संख्या 14111 पर महिला अपने दो बच्चों के साथ रक्षाबंधन का पर्व मनाने के लिए जा रही थी। इसी समय उनका पैर फिसल गया और वह अपने दोनों बच्चों के साथ ट्रेन के नीचे जाने लगी थी। मगर ड्यूटी पर तैनात हेड कॉस्टेबल नीरज कुमार ने पुलिस के कर्तव्य के साथ महिला के हाथों में राखी का बैग देखकर भाई का फर्ज निभाते हुए तत्परता से खींचकर जान बचाई।

सिपाही को मिलेगा 5000 रुपए का नगद पुरुस्कार
फिलहाल महिला को तत्काल गतंव्य के लिए रवाना कर दिया गया। एसपी जीआरपी ने पुलिस हेड कॉन्स्टेबल नीरज कुमार के इस साहस, सच्ची निष्ठा और कर्तव्य के लिए 5000 हजार का नगद पुरुस्कार सहित प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया है। साथ ही अन्य पुलिसकर्मियों को भी इस तरह समाज में सजग रहने की सलाह दी है। ड्यूटी के दौरान सिपाही के तैनाती के चलते महिला समेत दोनों बच्चों की जान बच गई। इस प्रकार के हादसे पहले भी देखने को मिले है इसलिए ध्यान से यात्रा करें ताकि कोई दुर्घटना नो हो पाए।

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