यूपी के चर्चित उन्नाव रेप केस में दोषी ठहराए गए विधायक कुलदीप सिंह सेंगर ने तीस हजारी कोर्ट के फैसले को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी है। बता दें, इससे पहले कोर्ट ने अपने फैसले में रेप केस में कुलदीप को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। साथ ही सेंगर को पीड़ित परिवार को पच्चीस लाख रुपए मुआवजा देने का भी आदेश दिया है।

उन्नाव (Uttar Pradesh). यूपी के चर्चित उन्नाव रेप केस में दोषी ठहराए गए विधायक कुलदीप सिंह सेंगर ने तीस हजारी कोर्ट के फैसले को दिल्ली हाईकोर्ट में चुनौती दी है। बता दें, इससे पहले कोर्ट ने अपने फैसले में रेप केस में कुलदीप को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई थी। साथ ही सेंगर को पीड़ित परिवार को पच्चीस लाख रुपए मुआवजा देने का भी आदेश दिया है। 

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

कोर्ट ने फैसले से पहले कही थी ये बात
मामले की जांच कर रही सीबीआई ने कोर्ट से अधिकतम सजा की मांग की थी। जिसके बाद 16 दिसंबर को दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने सेंगर को धारा 376 और पॉक्सो के सेक्शन 6 के तहत दोषी ठहराया था। इससे पहले कोर्ट ने कहा था, मामले में जल्दबाजी में कोई फैसला नहीं लिया जाएगा, क्योंकि उन्नाव रेप कांड जघन्य साजिश, हत्या और दुर्घटनाओं से भरा है।

पीड़िता के पिता का इलाज करने वाले डॉक्टर की हुई मौत
हाल ही में केस में पीड़िता के पिता का इलाज करने वाले डॉक्टर प्रशांत उपाध्याय की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। कुलदीप सेंगर के भाईयों द्वारा पीटे जाने के बाद पीड़िता के पिता को जिला अस्पताल लाया गया था। उस समय इमरजेंसी में डॉक्टर प्रशांत ने उनका इलाज कर जेल वापस भेज दिया था। जहां दूसरे दिन उनकी मौत हो गई थी। मामले में डॉ प्रशांत को सस्पेंड कर दिया गया था। काफी समय बाद उनकी बहाली हुई। वर्तमान में वो फतेहपुर में तैनात थे।