सार

UP के रायबरेली जिले में राज्य के तीसरे ओमिक्रॉन केस की पुष्टि हुई है। 15 दिसंबर को अमेरिका से रायबरेली लौटी युवती की रिपोर्ट ओमिक्रॉन पॉजिटिव आई है। इससे पहले 17 दिसंबर की शाम गाजियाबाद में बुजुर्ग दंपति ओमिक्रॉन पॉजिटिव मिले थे। वहीं, देश में अब तक ओमिक्रॉन के कुल 416 केस मिले हैं।

रायबरेली: उत्तर प्रदेश (Uttar pradesh) में कोरोना संक्रमण (Covid 19) के पैर पसारते ही लोगों में संक्रमण फैलने का डर एक बार फिर दिखने लगा है। प्रदेश के भीतर तेजी से बढ़ रहे कोरोना मामलों के बीच यूपी के रायबरेली (raibareli) जिले में ओमिक्रॉन (Omicron) का तीसरा केस मिलने से हड़कंप मच गया है। अमेरिका से एक सप्ताह पहले लौटी महिला कोरोना संक्रमित मिली थी। उसकी जीनोम सिक्वेंसिंग रिपोर्ट में ओमिक्रॉन वैरिएंट की पुष्टि हुई है। इससे पहले गाजियाबाद में दो मामले सामने आ चुके हैं।

13 दिसम्बर को अमेरिका से लौटी थी महिला
रायबरेली के कहारों का अड्डा निवासी महिला 13 दिसंबर को अमेरिका से लौटी थी। उसी दिन आनंद नगर निवासी शख्स नाइजीरिया से वापस आया था। दोनों की आरटीपीसीआर जांच कराई गई थी, जिसकी रिपोर्ट 16 दिसंबर को आई थी। महिला में कोरोना की पुष्टि हुई थी, लेकिन शख्स संक्रमित नहीं मिला था। जीनोम सिक्वेंसिंग के लिए दोबारा उसके सैंपल लैब भेजे गए। शनिवार को मिली रिपोर्ट में महिला में ओमिक्रोन वैरिएंट की पुष्टि हुई है। अभी संक्रमित महिला को होम आइसोलट किया गया है।

जांच के लिए भेजे गए सम्पर्क में आने वालों के सैम्पल्स
महिला के पॉजिटिव आने के बाद उसके सम्पर्क में आने वाले लोगों की जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग ने टीम भेज दी है। महिला के घर के आसपास लोगों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई है। जब महिला की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आई थी, तभी उसके सम्पर्क में आने वाले करीब 50 अन्य लोगों के नमूने लेकर कोरोना जांच को भेजे गए थे। हालांकि सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई थी। अब महिला में ओमिक्रोन की पुष्टि होने के बाद इन सभी 50 लोगों की दोबारा से जांच कराई जा रही है। यदि इनमें से किसी की आरटीपीसीआर रिपोर्ट में कोरोना की पुष्टि होती है तो उसका नमूना ओमिक्रोन की पुष्टि के लिए जीनोम सिक्वेंसिंग लैब भेजा जाएगा।

क्या बोले अधिकारी-
रायबरेली के मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉक्टर वीरेंद्र सिंह ने बताया कि महिला में ओमिक्रोन वैरिएंट की पुष्टि हुई है। उसे अभी होम आइसोलेट किया गया है। उसमें कोरोना के लक्षण भी नहीं है, इसलिए उसको हॉस्पिटल नहीं भेजा गया है। उसके प्रथम व द्वितीय संपर्क में आने वालों की जांच कराई जा रही है। जिला पहले से ही ओमिक्रोन को लेकर अलर्ट मोड में है।