राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने वृंदावन पहुंचकर ठाकुर बांके बिहारी के दर्शन किए। राष्ट्रपति बिना पलक झपकाएं काफी देर तक वहां बांके बिहारी को निहारते रहे। इस बीच राज्यपाल आनंदीबेन पटेल औऱ सीएम योगी भी वहां मौजूद रहें। 

मथुरा: राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने वृंदावन पहुंचकर ठाकुर बांकेबिहारी के दर्शन किए। वह सुबह तकरीबन 9.45 बजे कृष्णा कुटीर के समीप बनाए गए हेलीपैड पर पहुंचे। उनका हेलीकॉप्टर उतरते ही राज्यपाल आनंदीबेन पटेल और सीएम योगी आदित्यनाथ ने उनका भव्य स्वागत किया। इसके बाद राष्ट्रपति, राज्यपाल और मुख्यमंत्री बांके बिहारी मंदिर के लिए रवाना हो गए। यहां आम भक्तों का प्रवेश रोक दिया गया था। राष्ट्रपति का आगमन होने के साथ ही लोकल फोर्स और अधिकारी हटाए जाने के साथ ही तमाम सुरक्षा एजेंसियों ने कमान संभाल ली। इस बीच जो जहां भी था उसे वहीं पर रोक दिया गया। 

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राष्ट्रपति के आगमन को लेकर था खास इंतजाम 
राष्ट्रपति के स्वागत के साथ ही बांकेबिहारी में दर्शन को लेकर भी खासा इंतेजाम किए गए थे। मंदिर को भी फूलों से सजाया गया था। राष्ट्रपति के मंदिर परिसर में राष्ट्रपति के पहुंचने के साथ ही मंत्रोच्चारण शुरू हो गया। इसके बाद वह गर्भगृह के सामने वीआईपी गैलरी में भी पहुंचे। राष्ट्रपति ने वहां ठाकुर श्री बांके बिहारी को इत्र, गुलाब, फल और मिठाई निवेदित किया। राष्ट्रपति काफी देर तक अपलक ठाकुरजी की मनोहरी छवि को निहारते रहे। दर्शन के दौरान कृष्णा कुटीर की पांच माताएं भी मंदिर में मौजूद रहीं। 

विधि-विधान से हुई पूजा-अर्चना
राष्ट्रपति के आगमन को लेकर वृंदावन को छावनी में तब्दील कर दिया गया। चप्पे-चप्पे पर पुलिस की तैनाती वहां पर थी। इस बीच राष्ट्रपति को जिस मार्ग से गुजरना था उसे रात में ही पुलिस ने घेरे में ले लिया था। राष्ट्रपति ने फूल बंगले में विराजमान ठाकुर बांके बिहारी के समक्ष माथा टेकते हुए देश में सुख-शांति की कामना की। इस बीच पूर्ण भक्तिभाव वहां पर दिखाई दिया। बांके बिहारी के सामने वीआईपी कटघरे में लकड़ी की चौकी पर खड़े होकर उन्होंने दर्शन किए। इस दौरान मंदिर के सेवायत आचार्य बालकृष्ण गोस्वामी, अभिषेक गोस्वामी ने वैदिक मंत्र उच्चारण के साथ में पूजन अर्चन करवाया। इसके बाद आदित्य गोस्वामी, ज्ञानेंद्र किशोर गोस्वामी ने मंदिर आगमन पर पटका-चुनरी ओढाकर और मोतियों की माला पहनाकर उनका अभिनंदन किया। गुंजन गोस्वामी और शैलेंद्र गोस्वामी ने उन्हें ठाकुर बांके बिहारी महाराज की प्रसादी डलिया भेंट की। इस बीच प्रणब गोस्वामी ने राष्ट्रपति को बांकी बिहारी की महिमा से अवगत करवाया। 

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