कैलिफोर्निया के सैन डिएगो चिड़ियाघर में रहने वाले डिएगो कछुए की इन दिनों काफी तारीफ हो रही है। हो भी क्यों ना, आखिर इसने अपनी प्रजाति के कछुओं को गायब होने से बचाया है। 

कैलिफोर्निया: जबसे दुनिया का निर्माण हुआ है, तबसे कई ऐसी प्रजातियां हैं, जो गायब हो चुकी हैं। ये प्रजातियां कई कारणों से विलुप्त हुई। कुछ मौसम में आए बदलाव को झेल नहीं पाए तो कुछ प्राकृतिक आपदा का शिकार हुए। ऐसी ही विलुप्त होती प्रजाति में शामिल होने वाला था डिएगो कछुआ। उसकी प्रजाति में मात्र 2 नर और 12 मादा कछुआ बचे थे। लेकिन डिएगो को जिम्मेदारी दी गई अपनी प्रजाति बचाने की और उसने भी लोगों को निराश नहीं किया।

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प्रजनन कर पैदा किये हजारों बच्चे 
सीेएनएन की रिपोर्ट के मुताबिक, चिड़ियाघर में रहने वाले एक्सपर्ट्स ने इस कछुए की विलुप्त होती प्रजाति पर चिंता व्यक्त की थी। इसके बाद जू के डायरेक्टर जॉर्ज कॅरियन ने बताया कि उन्होंने डिएगो पर प्रजाति की जनसंख्या बढ़ाने का भार दिया। इसके बाद 100 साल के डिएगो को 12 मादाओं के साथ छोड़ दिया गया। इन मादाओं के साथ मिलकर डिएगो ने अब अपनी प्रजाति को 2 हजार के पार पहुंचा दिया है।

चलाया गया ब्रीडिंग प्रोग्राम 
गालापागोस आइलैंड के पास बने डिएगो जू में एक्सपर्ट्स ने डिएगो कछुए की प्रजनन क्षमता का आंकलन किया और इसके बाद उसे ब्रीडिंग प्रोग्राम के लिए चुना। आज उसे नेशनल पार्क में कछुओं की जनसंख्या बढ़ाने का 40 प्रतिशत भागीदार माना जाता है। इस प्रोग्राम में 15 कछुओं ने हिस्सा लिया था। लेकिन सबसे ज्यादा बच्चे डिएगो ने पैदा करवाए। पार्क के स्टाफ्स के मुताबिक, अब 1800 नए कछुओं के कारण पार्क में इसकी जनसंख्या दो हजार पार कर गई है।