विदेश मंत्री एस.जयशंकर ने ट्वीट किया कि सूडान में फंसे हमारे नागरिकों को वापस लाने के लिए ऑपरेशन कावेरी चल रहा है। करीब 500 भारतीय पोर्ट सूडान पहुंच गए हैं। 

खर्तूम: सूडान में फंसे भारतीयों को सुरक्षित अपने देश वापस लाने के लिए कावेरी ऑपरेशन शुरू हो चुका है। इसके लिए सोमवार को 500 भारतीय सूडान पोर्ट पहुंचे हैं, जहां से आईएनएस सुमेधा से इन भारतीयों को सऊदी अरब के जेद्दा लाया जाएगा और फिर वहां से उन्हें एयरफ्राफ्ट के जरिए भारत वापस लाया जाएगा। बता दें कि सूडान में जारी संघर्ष के चलते वहां के एयर स्पेस पूरी तरह बंद हैं। ऐसे में कोई भी विमान उड़ान नहीं भर सकता। इस वजह से ये ऑपरेशन सूडान में समुद्री मार्ग से किया जा रहा है।

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सोमवार को भारत के विदेश मंत्री ने ट्वीट के जरिए जानकारी दी कि ऑपरेशन कावेरी के तहत 500 भारतीय पोर्ट सूडान पहुंच गए हैं। उन्होंने बताया कि हमारे समुद्री और हवाई जहाज़ भारतीयों को वापस लाने के लिए तैयार हैं।

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कई देशों के साथ संपर्क में विदेश मंत्रालय

विदेश मंत्रालय का कहना है कि भारत जटिल और उभरती सुरक्षा स्थिति की बारीकी से निगरानी कर रहा है और भारतीय नागरिकों को सुरक्षित निकालने के लिए को-ऑर्डिनेशन भी कर रहा है। मंत्रालय ने कहा कि वह सूडानी अधिकारियों के अलावा, सूडान में भारतीय दूतावास भी संयुक्त राष्ट्र, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, मिस्र और अमेरिका के साथ लगातार संपर्क में बनाए हुए है।

फ्रांस ने निकाले भारतीय नागरकि

आधिकारिक आंकड़ों के मुताबिक सूडान में भारतीयों की संख्या करीब 3,000 है। इससे पहले भारत में फ्रांस के दूतावास ने सूचित किया था कि उनके देश ने हिंसा प्रभावित सूडान से अपने निकासी मिशन के हिस्से के रूप में 27 अन्य देशों के नागरिकों के साथ कुछ भारतीयों को निकाला है । नई दिल्ली स्थित फ्रांसीसी दूतावास ने सोमवार को कहा कि उसने भारत समेत 28 देशों के 388 लोगों को निकाला गया है।

सऊदी अरब ने भी निकाले कई देशों के नागरिक

बता दें कि सऊदी अरब के 5 शिप 23 अप्रैल को 158 लोगों को लेकर जेद्दाह पहुंचे थे। इसमें 91 सऊदी अरब के नागरिक थे।, जबकि बाकी नागरिक भारत समेत पाकिस्तान, कुवैत, कतर, UAE, मिस्र, ट्यूनीशिया, बुल्गारिया, बांग्लादेश, फिलिपींस, कनाडा, बुर्किना फासो के थे।

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