Asianet News HindiAsianet News Hindi

Margashirsh Amavasya 2022: अमावस्या पर महिलाओं को बाल खुले क्यों नहीं रखने चाहिए?

Margashirsh Amavasya 2022: पंचांग धर्म के अनुसार, एक महीने में कुल 16 तिथियां होती हैं। इनमें से प्रतिपदा से लेकर चतुर्दशी तक की तिथियां समान होती हैं। कृष्ण पक्ष की अंतिम तिथि अमावस्या और शुक्ल पक्ष की अंतिम तिथि पूर्णिमा होती है। 
 

Beliefs in Hinduism regarding hair Margashirsh Amavasya 2022 Amawasya par baal Khule kyo Na Rakhe MMA
Author
First Published Nov 23, 2022, 6:00 AM IST

उज्जैन. हिंदू धर्म में अमावस्या तिथि का विशेष महत्व बताया गया है। ये तिथि पितरों से संबंधित है, इसलिए इस दिन पितरों की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध, तर्पण आदि काम विशेष रूप से किए जाते हैं। इसके अलावा अमावस्या पर दान, पूजा, उपाय आदि करना भी शुभ माना गया है। इसके साथ ही कुछ ऐसे काम भी बताए गए हैं जो अमावस्या पर भूलकर भी नहीं करने चाहिए। माना जाता है कि ऐसा करना अशुभ होता है और निकट भविष्य में हमें परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। आज (23 नवंबर, बुधवार) मार्गशीर्ष अमावस्या (Margashirsh Amavasya 2022) के मौके पर जानिए 1 ऐसे ही काम के बारे में…

अमावस्या पर महिलाएं भूलकर भी बाल खुले न रखें (Amawasya par baal Khule kyo Na Rakhe)
अमावस्या के बारे में कहा जाता है कि इस दिन निगेटिव शक्तियों का प्रभाव कुछ ज्यादा ही रहता है। इसलिए इस तिथिपर महिलाओं को भूलकर भी अपने बाल खुले नहीं रखना चाहिए, ऐसा करने से निगेटिव शक्तियां उनकी ओर जल्दी आकर्षित हो सकती हैं। इस स्थिति में महिलाओं को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए हमारे पूर्वजों ने ये परंपरा बनाई है। 

खुले बालों को क्यों मानते हैं अशुभ? (khule Baal Ashubh Kyo)
हिंदू धर्म में महिलाओं के खुले बालों को अशुभ माना गया है। इसके पीछे कई मान्यताएं हैं। इनमें से एक मान्यता महाभारत काल से जुड़ी है। उसके अनुसार, हस्तिनापुर में वस्त्र हरण के बाद द्रौपदी ने अपने खुले बालों को लेकर प्रतिज्ञा की थी कि जब तक इन बालों पर दु:शासन की छाती का लहू नहीं लगेगा, वो अपने बाल खुले ही रखेगी। इसी प्रतिज्ञा के चलते महाभारत जैसा भीषण संग्राम हुआ। इसलिए महिलाओं के खुले बालों को अशुभ माना गया है।  

तंत्र क्रियाओं में भी होता है बालों का प्रयोग
तंत्र शास्त्र में बाल का प्रयोग में किया जाता है। उज्जैन के ज्योतिषाचार्य पं. प्रवीण द्विवेदी के अनुसार, अनेक ऐसी तंत्र क्रियाएं हैं, जिनमें बालों का उपयोग विशेष रूप से किया जाता है। बालों के माध्मय से किसी भी व्यक्ति पर मारण, मोहन, उच्चाटन और सम्मोहन आदि क्रियाओं का उपयोग आसानी से किया जा सकता है। इन क्रियाओं से किसी का भी अहित किया जा सकता है या उसे वश में किया जा सकता है।

बालों पर ग्रहों का प्रभाव
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, बालों पर ग्रहों का भी व्यापक रूप से असर होता है। अगर बाल कम उम्र में झड़ने लगे या सफेद हो जाएं तो इसके पीछे सूर्य व चंद्रमा का अशुभ प्रभाव माना जाता है। वहीं लंबे और घने काले बाल शनि और शुक्र ग्रह के शुभ प्रभाव से मिलते हैं। जिस व्यक्ति के बाल बार-बार उलझते हैं, उसके जीवन में शुक्र ग्रह के चलते हमेशा गरीबी बनी रहती है।   


ये भी पढ़ें-

Shukra Uday November 2022: उदय हुआ शुक्र ग्रह, इन 3 राशि वालों को मिलेगा किस्मत का साथ

Shani Meen Rashifal 2023: नुकसान-खराब सेहत, शनि की साढ़ेसाती पूरे साल करेगी परेशान, जानें और क्या-क्या होगा?

Shani Kumbh Rashifal 2023: हताशा-निराशा और मुसीबतें, शनि की साढ़ेसाती में बीतेगा साल 2023?


Disclaimer : इस आर्टिकल में जो भी जानकारी दी गई है, वो ज्योतिषियों, पंचांग, धर्म ग्रंथों और मान्यताओं पर आधारित हैं। इन जानकारियों को आप तक पहुंचाने का हम सिर्फ एक माध्यम हैं। यूजर्स से निवेदन है कि वो इन जानकारियों को सिर्फ सूचना ही मानें। आर्टिकल पर भरोसा करके अगर आप कुछ उपाय या अन्य कोई कार्य करना चाहते हैं तो इसके लिए आप स्वतः जिम्मेदार होंगे। हम इसके लिए उत्तरदायी नहीं होंगे। 

Follow Us:
Download App:
  • android
  • ios