शनिवार को घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत में 50 रुपए का इजाफा हुआ है। जिसके बाद कीमत आज से 999.50 रुपए प्रति सिलेंडर हो गई है। जबकि इससे पहले 22 मार्च को घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में 50 रुपए की तेजी हुई थी। इसका मतलब है कि साल 2022 में घरेले गैस सिलेंडर की कीमत में 100 रुपए प्रति सिलेंडर की तेजी देखने को मिल चुकी है।

बिजनेस डेस्क। साल 2022 में घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में दूसरी बार इजाफा देखने को मिला है। 7 अप्रैल यानी शनिवार को घरेलू गैस सिलेंडर दाम में 50 रुपए का इजाफा देखने को मिला है। जिसके बाद देश की राजधानी दिल्ली में गैस सिलेंडर के दाम करीब 1000 रुपए हो गए हैं। इससे पहले मार्च के तीसरे हफ्ते में गैस सिलेंडर के दाम में इजाफा देखने को मिला था। वहीं इससे पहले कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में तेजी देखने को मिली थी। आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर घरेलू गैस सिलेंडर के दाम को बोझ कितना हो गया है।

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कितना पड़ेगा आम लोगों पर बोझ
शनिवार को घरेलू गैस सिलेंडर की कीमत में 50 रुपए का इजाफा हुआ है। जिसके बाद कीमत आज से 999.50 रुपए प्रति सिलेंडर हो गई है। जबकि इससे पहले 22 मार्च को घरेलू गैस सिलेंडर के दाम में 50 रुपए की तेजी हुई थी। इसका मतलब है कि साल 2022 में घरेले गैस सिलेंडर की कीमत में 100 रुपए प्रति सिलेंडर की तेजी देखने को मिल चुकी है। इस महीने की शुरुआत में, 1 मई को 19 किलो के कमर्शियल गैस सिलेंडर के दाम में 102 रुपए प्रति सिलेंडर का इजाफा किया गया था, जिसके बाद दाम 2,355.5 रुपए तक बढ़ गए थे। 5 किलो के एलपीजी कमर्शियल सिलेंडर की कीमत भी बढ़कर 655 रुपए कर दी गई।

करीब 6 महीने तक नहीं हुआ था बदलाव
पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव के बाद पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के दामों में लगातार बढ़ोतरी की जा रही है। 22 मार्च को, सब्सिडी वाले घरेलू एलपीजी सिलेंडर में 50 रुपए का इजाफा हुआ था। इससे पहले 6 अक्टूबर 2021 के बाद घरेलू रसोई गैस सिलेंडर के रेट में कोई बदलाव नहीं हुआ था। घरेलू रसोई गैस की कीमतें लोकल टैक्सेस की वजह से राज्य से दूसरे राज्य में अलग होती हैं। फ्यूल रिटेल वेंडर हर महीने की शुरुआत में रसोई गैस सिलेंडर की कीमतों में बदलाव करते हैं।

इस योजना के तहत मिलती है सब्सिडी
प्रत्येक परिवार एक वर्ष में रियायती दरों पर 14.2 किलो के 12 सिलेंडर पाने का हकदार है। इसके अलावा, अगर कस्टमर को इससे ज्यादा गैस सिलेंडर की आवश्यकता है तो उसे मार्केट प्राइस पर गैस सिलेंडर के दाम चुकाने होंगे। पहल (एलपीजी का प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण) योजना के तहत, कंज्यूमर को सब्सिडी दर पर एलपीजी सिलेंडर मिलते हैं। सब्सिडी कई कारकों पर निर्भर करती हैं जिसमें फॉरेन एक्सचेंज रेट, क्रूड ऑयल की कीमतें शामिल हैं।