जावेद अख्तर ने ट्रंप की टिप्पणी की आलोचना करते हुए उन्हें झूठा बताया। इसके बाद एक ट्रोल ने उनकी कौम पर टिप्पणी की, जिस पर जावेद अख्तर ने करारा जवाब दिया।
Javed Akhtar Befitting Reply to Troller: मशहूर गीतकार और लेखक जावेद अख्तर सोशल मीडिया पर विभिन्न मुद्दों पर अपनी बेबाक राय रखने के लिए जाने जाते हैं। हाल ही में उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को लेकर एक टिप्पणी की, जिसके बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई। इसी दौरान एक ट्रोलर ने उनकी 'कौम' को लेकर टिप्पणी की, जिस पर जावेद अख्तर ने स्पष्ट शब्दों में जवाब देते हुए कहा कि वह नास्तिक हैं और उनकी कौम में सभी भारतीय हैं।

डोनाल्ड ट्रंप पर जावेद अख्तर की टिप्पणी
शनिवार को जावेद अख्तर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट साझा करते हुए डोनाल्ड ट्रंप की आलोचना की। उन्होंने कहा कि ट्रंप झूठे बयानों के लिए जाने जाते हैं और उन्होंने अपने दावों की लिस्ट में एक और झूठ जोड़ दिया है। जावेद अख्तर ने ट्रंप के उस कथित दावे पर सवाल उठाया, जिसमें कहा गया था कि इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने उनके साथ फोटो खिंचवाने के लिए 'भीख मांगी' थी। जावेद अख्तर ने लिखा, जॉर्जिया मेलोनी जैसी आत्मविश्वासी, लोकप्रिय और प्रभावशाली नेता, जो इटली जैसे बड़े देश की प्रधानमंत्री हैं, उन्हें किसी के साथ फोटो खिंचवाने के लिए ऐसी कोई जरूरत नहीं हो सकती। उन्होंने यह भी कहा कि अगर मान भी लिया जाए कि ऐसा हुआ हो, तब भी किसी प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस तरह की बात करना उचित नहीं माना जा सकता।
ट्रोलर ने उठाया कौम का मुद्दा
जावेद अख्तर की पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए एक सोशल मीडिया यूजर ने उनकी 'कौम' को लेकर टिप्पणी की। यूजर ने एक शेर का हवाला देते हुए उनकी आलोचना करते हुए लिखा, जानते हैं हम जन्नत के हूरों की हकीकत, दिल के बहलाने के लिए ये भी ख्याल अच्छा है। इस टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर बहस और तेज हो गई, क्योंकि चर्चा ट्रंप से हटकर व्यक्तिगत पहचान और मजहब तक पहुंच गई।
जावेद अख्तर बोले- मैं नास्तिक हूं
ट्रोल की टिप्पणी का जवाब देते हुए जावेद अख्तर ने कहा कि वह नास्तिक हैं और किसी भी धर्म में विश्वास नहीं करते। उन्होंने लिखा कि अगर सामने वाला व्यक्ति समझ पाता, तो उसे यह पता होता कि वह लंबे समय से खुद को नास्तिक बताते आए हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि उनकी नजर में उनकी 'कौम' सभी भारतीय हैं। जावेद अख्तर ने अपने जवाब में कहा कि उन्हें किसी विशेष धार्मिक पहचान के आधार पर परिभाषित नहीं किया जाना चाहिए और सभी भारतीय उनके अपने हैं।
पहले भी ट्रंप और मिडिल ईस्ट मुद्दे पर बोल चुके हैं जावेद अख्तर
यह पहली बार नहीं है जब जावेद अख्तर ने डोनाल्ड ट्रंप या अंतरराष्ट्रीय राजनीति पर टिप्पणी की हो। इससे पहले भी वह अमेरिका, ईरान और मिडिल ईस्ट से जुड़े मुद्दों पर अपनी राय खुलकर रखते रहे हैं। मार्च में उन्होंने अमेरिका और इजराइल की नीतियों की आलोचना करते हुए कहा था कि मौजूदा हालात में अंतरराष्ट्रीय तनाव बढ़ रहा है। उन्होंने यह भी लिखा था कि कुछ बड़े देशों की नीतियों के कारण अन्य देशों पर दबाव बढ़ रहा है और इससे वैश्विक स्तर पर गंभीर परिणाम देखने को मिल सकते हैं।
सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना बयान
जावेद अख्तर का यह जवाब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। एक तरफ जहां कई लोगों ने उनकी स्पष्ट प्रतिक्रिया का समर्थन किया, वहीं कुछ यूजर्स ने इस पर अलग-अलग राय भी व्यक्त की। फिलहाल, ट्रंप पर की गई उनकी टिप्पणी और ट्रोल को दिया गया जवाब दोनों ही सोशल मीडिया और राजनीतिक चर्चाओं का हिस्सा बने हुए हैं।


