सबसे पहले राजस्थान से शुरु होने वाले इस बर्ड फ्लू के चलते मध्य प्रदेश, हिमाचल और केरल तक दहशत मच गई है। अब इसका प्रकोप हरियाणा तक पहुंच गया है, जहां मुर्गियों के रहस्यमय तरीके से मरने का सिलसिला जारी है। 

पानीपत (हरियाणा). देश में अभी कोरोना वायरस का खतरा टला नहीं था कि बर्ड फ्लू महामारी अपने पैर पसारने लगी। भारत के कई राज्यों में बर्ड फ्लू का खतरा गहराता दिखाई दे रहा है। जिसे देखकर प्रदेश सरकारों ने अलर्ट जारी कर दिया है। हरियाणा में रहस्यमय तरीके से करीब एक लाख मुर्गी और चूजों की मौत हो चुकी है। इन मुर्गियों की वजह से इलाके में एवियन फ्लू का भय बताया जा रहा है।

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कई राज्यों तक पहुंचा इस बीमारी का खौफ
दरअसल, सबसे पहले राजस्थान से शुरु होने वाले इस बर्ड फ्लू के चलते मध्य प्रदेश, हिमाचल और केरल तक दहशत मच गई है। अब इसका प्रकोप हरियाणा तक पहुंच गया है, जहां मुर्गियों के रहस्यमय तरीके से मरने का सिलसिला जारी है। करीब लाख से ज्यादा मुर्गी और चूजों की मौत हो चुकी है।

100 से ज्यादा मुर्गी फार्म हुए खाली
बता दें कि हरियाणा के बरवाला क्षेत्र में रहस्यमयी तरीके से मुर्गियों की मौत का सिलसिला 5 दिसंबर से शुरू हुआ था। जब यहां के करीब 100 से ज्यादा मुर्गी फार्मों में मुर्गियों की मौत हो जाने के बाद अब पंचकूला जिला प्रशासन हरकत में आया है। जिसके बाद मर चुकी मुर्गियां 50 से ज्यादा सैम्पल जांच के लिए जालंधर की लैबोरेट्री में भेजे गए हैं। प्रशसान में हड़कंप मच गया है, फिलहाल रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।

हरकत में आई सरकार ने दिए ये आदेश
मामले सामने आने के बाद राज्य सराकर ने पशुपालन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि पोल्ट्री और पोल्ट्री उत्पाद बाजार, खेतों, जलाशयों और प्रवासी पक्षियों पर विशेष निगरानी रखी जानी चाहिए। साथ ही यहां पर लोगों का आना जाना भी बंद किया जाए।

पेड़ के पक्षियों की भी हो रही मौत
बरवाला के आसपास के गांवों के लोगों का दावा है कि ना सिर्फ पोल्ट्री फॉर्म में मुर्गियों के चूजे मर रहे हैं। बल्कि जो पेड़ पर सामान्य पक्षी है उनकी भी पिछले कुछ दिनों में संदिग्ध तरीके से मौत होने के मामले सामने आए हैं।

इन राज्यों में भी फैला बर्ड फ्लू का खतरा
1.हिमाचल प्रदेश के पोंग डैम सेंचुरी के पास करीब 1700 प्रवासी पक्षी मृत मिले। अभी तक इनकी मौत की वजहों का पता नहीं चला है। अधिकतर पक्षी जगमोली और गुगलाड़ा में मिले।

2. राजस्थान में सबसे पहले बर्ड फ्लू का असर देखा गया था। जहां झालावाड़ में करीब 200 से ज्यादा कौवे अचानक मृत पाए गए थे। जहां भोपाल की लैब में जांच होने के बाद इनमें बर्ड फ्लू के मामलों की पुष्टि हुई। इस तरह यहां एक हाजर कौओं की मौत हो चुकी है।

3. केरल के अलाप्पुझा और कोट्टायम जिले में बर्ड फ्लू की पुष्टि हुई है। दोनों जिले में कई बत्तख मृत पाई गई थीं। भोपाल की लैब में 8 सैम्पल भेजे गए थे जिनमें से 5 में फ्लू पाया गया। अब तक करीब 1700 बत्तखों की मौत हो चुकी है।

4. मध्य प्रदेश में 23 दिसंबर से 3 जनवरी तक 400 के करीब कौओं की मौत हो चुकी है। इनमें से सबसे ज्यादा 145 मौतें इंदौर में हुई। वहीं मंदसौर में 100, आगर-मालवा में 112, खरगोन जिले में 13, सीहोर में 9 कौओं की मौत हुई है।