Green peas gardening: कम जगह में भी गमले में हरी मटर उगा सकते हैं। जानें मटर के लिए सही गमला, मिट्टी, बीज लगाने का तरीका, धूप और पानी से जुड़ी जरूरी बातें।

सर्दियों के मौसम में सब्जियों में हरी मटर का इस्तेमाल अधिक होता है। आप कम स्पेस में भी मटर का बेल आसानी से लगा सकते हैं। अगर आपके घर में ज्यादा जगह नहीं है, तो बालकनी, छत या छोटी-सी जगह में गमले की मदद से मटर का पौधा रेडी करें। बस इसके लिए सही मिट्टी, पर्याप्त धूप और पानी का ध्यान रखना जरूरी है। जानिए कैसे कम स्पेस में हरी मटर लगाएं।

मटर उगाने के लिए कैसा गमला चुनें?

मटर की बेल ऊपर की ओर बढ़ती है, इसलिए बहुत छोटे गमले के बजाय कम से कम 12-15 इंच गहरा और चौड़ा गमला चुनें। गमले में पानी निकलने के लिए नीचे ड्रेनेज होल जरूर होने चाहिए। एक गमले में बहुत ज्यादा बीज लगाने से पौधों को पर्याप्त जगह नहीं मिलती, इसलिए दूरी का ध्यान रखें।

मटर के लिए कैसी होनी चाहिए मिट्टी?

मटर के पौधे के लिए मिट्टी भुरभुरी और अच्छी जल निकासी वाली होनी चाहिए। आप सामान्य बगीचे की मिट्टी में वर्मी कम्पोस्ट या अच्छी तरह सड़ी हुई जैविक खाद मिला सकते हैं। मिट्टी बहुत ज्यादा चिपचिपी या पानी रोकने वाली नहीं होनी चाहिए, वरना जड़ों को नुकसान हो सकता है।

और पढ़ें: Winter Gardening: सर्दियों से पहले गार्डन में कर लें ये जरूरी काम, पौधे रहेंगे खुशहाल

ऐसे गमले में लगाएं मटर के बीज

मटर के स्वस्थ और अच्छे बीज लें। इन्हें मिट्टी में करीब 1-2 इंच गहराई पर लगाएं और ऊपर से हल्की मिट्टी डाल दें। बीज लगाने के बाद मिट्टी में हल्का पानी दें। कुछ दिनों में बीज अंकुरित होने लगेंगे। रोजाना करीब 5-6 घंटे धूप पौधे को मिलनी चाहिए।जब ऊपर की मिट्टी हल्की सूखी महसूस हो, तभी पानी दें।

और पढ़ें: Winter Flower Plants: अक्टूबर में लगाएं ये 5 फूलदार फूल, नवंबर दिसंबर की कड़कती ठंड में बगिया में आएगी बहार