Fennel Plant Care And Tips: गमले में सौंफ उगाना बेहद आसान है। सही मिट्टी, 5-6 घंटे धूप, हल्की सिंचाई और जैविक खाद से 60-90 दिनों में भरपूर फसल पाएं। किचन गार्डनिंग के लिए सौंफ कम जगह में ज्यादा उत्पादन देने वाली बेहतरीन फसल है।

Grow Fennel Seeds: अगर आप किचन गार्डनिंग शुरू करना चाहते हैं और ऐसी फसल चाहते हैं जो कम मेहनत में अच्छी पैदावार दे, तो सौंफ (Fennel) आपके लिए बेहतरीन विकल्प है। सौंफ सिर्फ मसाले के रूप में ही नहीं, बल्कि औषधीय गुणों के लिए भी जानी जाती है। अच्छी बात यह है कि इसे उगाने के लिए बड़े खेत की जरूरत नहीं-आप इसे आसानी से गमले में उगा सकते हैं। सही मिट्टी, धूप और देखभाल के साथ 60-90 दिनों में आपको ताजी सौंफ की पत्तियां और बीज मिल सकते हैं।

सही गमला और मिट्टी का चयन

सौंफ की जड़ें गहरी जाती हैं, इसलिए कम से कम 12-14 इंच गहरा गमला चुनें। गमले में नीचे ड्रेनेज होल जरूर हों। मिट्टी हल्की और भुरभुरी होनी चाहिए। आप 50% गार्डन सॉयल, 25% रेत और 25% गोबर की खाद या कम्पोस्ट मिलाकर पॉटिंग मिक्स तैयार कर सकते हैं। इससे पानी जमा नहीं होगा और जड़ें स्वस्थ रहेंगी।

बीज बोने का सही तरीका

सौंफ के बीज सीधे मिट्टी में बोए जाते हैं। बीजों को लगभग 1-1.5 सेमी गहराई पर डालें और हल्की मिट्टी से ढक दें। बीजों के बीच 3-4 इंच की दूरी रखें। बोने के बाद हल्का पानी दें। 7-10 दिनों में अंकुर निकलने लगते हैं। ध्यान रखें कि मिट्टी हमेशा हल्की नम रहे, लेकिन पानी भरा न हो।

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धूप और सिंचाई का ध्यान

सौंफ को रोज कम से कम 5-6 घंटे की धूप चाहिए। इसे ऐसी जगह रखें जहां सीधी धूप मिले। ज्यादा पानी देने से जड़ सड़ सकती है, इसलिए सप्ताह में 2-3 बार हल्की सिंचाई पर्याप्त है। गर्मियों में जरूरत के अनुसार पानी बढ़ाया जा सकता है।

खाद और देखभाल

हर 20-25 दिन में जैविक खाद या वर्मी कम्पोस्ट डालें। पौधे के आसपास की मिट्टी को हल्का ढीला करते रहें ताकि हवा जड़ों तक पहुंचे। अगर पत्तियां पीली दिखें तो नीम खली या तरल जैविक खाद का उपयोग करें। लगभग 2-3 महीनों में पौधे में फूल और बीज आने लगते हैं, जिन्हें सुखाकर इस्तेमाल किया जा सकता है।

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