2026 में इंटरनेशनल यात्रा की योजना बना रहे भारतीयों के लिए वीजा नियमों में बड़े बदलाव किए गए हैं। ईरान और बोलीविया अब भारतीय पासपोर्ट धारकों को आसान या वीजा-फ्री एंट्री नहीं देंगे।
Countries Requiring Visa for Indians: अंतरराष्ट्रीय यात्रा की योजना बना रहे भारतीयों के लिए, 2026 में स्थिति थोड़ी अलग है। एक तरफ, भारतीय पासपोर्ट की रैंकिंग में सुधार हुआ है, लेकिन दूसरी तरफ, कुछ देशों में एंट्री के नियम सख्त हो गए हैं। हेनले पासपोर्ट इंडेक्स 2026 में, भारत 80वें स्थान पर पहुंच गया है, जिसे पिछले साल की तुलना में सुधार माना जा रहा है। हालांकि, इस रिपोर्ट के साथ एक महत्वपूर्ण अपडेट भी सामने आया है जो सीधे यात्रियों की योजनाओं को प्रभावित करता है। 2026 में ऐसे देशों की संख्या कम हो गई है जहां भारतीय पासपोर्ट धारक बिना वीजा के या आसान एंट्री के साथ प्रवेश कर सकते हैं। पहले, भारतीय आसानी से 57 देशों की यात्रा कर सकते थे, लेकिन अब यह संख्या घटकर 55 हो गई है। ऐसा दो देशों, ईरान और बोलीविया के कारण हुआ है, जिन्होंने अपने एंट्री के नियमों में बदलाव किया है।
ईरान ने नियम क्यों बदले?
ईरान अब भारतीय नागरिकों को वीज़ा-फ्री एंट्री की अनुमति नहीं देता है। 2025 के अंत में सामने आए कुछ मामलों में, भारतीयों को नौकरियों और ट्रांजिट के बहाने ईरान ले जाया गया। पहुंचने पर, कई लोगों को किडनैप कर लिया गया और फिरौती मांगी गई। इन घटनाओं के बाद, सुरक्षा कारणों से, ईरान ने नवंबर 2025 से सामान्य भारतीय पासपोर्ट धारकों के लिए वीजा-फ्री सुविधा बंद कर दी। अब, ईरान की यात्रा करने या वहां से ट्रांजिट करने के लिए पहले से वीजा प्राप्त करना अनिवार्य है।
पहले क्या स्थिति थी?
2025 तक, ईरान ने भारतीयों को सीमित समय के लिए बिना वीजा के यात्रा करने की अनुमति दी थी। हालांकि, यह आवश्यक दस्तावेज और रहने की सीमा जैसी शर्तों के अधीन था। यह सुविधा अब पूरी तरह से बंद कर दी गई है।
बोलीविया ने भी अपना सिस्टम बदल दिया
बोलीविया ने भी भारतीय यात्रियों के लिए अपने नियम सख्त कर दिए हैं। 2026 से, भारतीयों को बोलीविया की यात्रा करने से पहले ऑनलाइन ई-वीजा प्राप्त करना होगा। इस प्रक्रिया में एक डिजिटल फॉर्म, आवश्यक दस्तावेज और ऑनलाइन शुल्क शामिल है। अप्रूवल के बाद, वीजा इलेक्ट्रॉनिक रूप से जारी किया जाता है और यात्रा के समय इसे दिखाना होगा।
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2025 में बोलीविया में एंट्री कैसी थी?
पिछले साल तक, बोलीविया भारतीय नागरिकों को वीजा ऑन अराइवल की सुविधा देता था। इसका मतलब था कि एयरपोर्ट पर पहुंचने पर वीजा जारी किया जाता था, और पहले से किसी अप्रूवल की जरूरत नहीं थी। इसी वजह से इसे आसान एंट्री वाली कंट्रीज में से एक माना जाता था।
इसका भारतीय यात्रियों के लिए क्या मतलब है?
ईरान और बोलीविया में नियमों में बदलाव के बाद, भारतीयों को 2026 में इन देशों की यात्रा के लिए पहले से तैयारी करनी होगी। भले ही पासपोर्ट रैंकिंग में सुधार हुआ है, लेकिन यात्रा से पहले लेटेस्ट वीजा नियमों की जाच करना और भी जरूरी हो गया है।
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