दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने शराब घोटाले मामले में जमानत मिलने के बाद मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने की घोषणा की है। उन्होंने कहा है कि वह अगले दो दिन में यह बड़ा कदम उठाएंगे।

नेशनल न्यूज। दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल को शराब घोटाले मामले में जमानत मिल गई है। बेल पर छूटने के बाद से वह केंद्र पर हमला कर रहे हैं। माना जा रहा है कि केजरीवाल के जेल से बाहर आने के बाद आप की ताकत बढ़ जाएगी। इस बीच अब आप प्रमुख अरविंद केजरीवाल ने बड़ी घोषणा कर दी है। उन्होंने कहा है कि वह अगले दो दिन में मुख्यमंत्री के पद से इस्तीफा दे देंगे। आखिरकर केजरीवाल ने ऐसा क्यों कहा और इतना बड़ा फैसला लेने के पीछे क्या वजह है, आइए जानते हैं…

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

जब तक जनता नहीं मानती कि मैं बेकसूर…
पार्टी कार्यालय में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए दिल्ली के सीएम केजरीवाल ने कहा, मैं दो दिन में मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने वाला हूं। ये निर्णय मैंने बहुत सोच समझकर लिया है। मेरे ऊपर ऐसे आरोप लगाए गए है जिसने मुझे झकझोर कर रख दिया है। मैं तब तक सीएम पद पर नहीं रहूंगा जब तक जनता ये नहीं मान लेती की मैं बेकसूर हूं।

पढ़ें तिहाड़ जेल से बाहर आए अरविंद केजरीवाल, बोले- 100 गुना बढ़े मेरे हौसले

मेरे ऊपर भारत माता को धोखा देने का आरोप लगाया
केजरीवाल ने कहा कि विरोधियों ने मुझे तो़ड़ने के लिए भरसक प्रयास किए हैं। मुझपर आरोप लगाया कि मैंने भ्रष्टाचार किया है, भारत माता के साथ धोखा किया। ये आरोप मैं बर्दाश्त नहीं कर सकता हूं। मैं हमेशा देश सेवा के लिए अपना हर कदम पूरी ईमानदारी के साथ उठाया है। उन्होंने कहा जब सीता जी भी रावण के पास से लौटी थीं तो उन्हें अग्नि परीक्षा देनी पड़ी थी। अब मुझे भी जनता के सामने अपनी सच्चाई साबित करने के लिए अग्नि परीक्षा देनी होगी।

मनीष सिसोदिया का फैसला भी जनता की अदालत में
केजरीवाल ने कहा है आप नेता मनीष सिसोदिया ने भी यही संकल्प लिया है। डिप्टी सीएम और शिक्षा मंत्री का पद तभी संभालेंगे जब तक जनता अपना फैसला नहीं सुना देती। केजरीवाल ने कहा कि हम दोनों का ही मामला जनता की अदालत में है। जब तक उनका फैसला नहीं आता वे ये जिम्मेदारी नहीं संभालेंगे।