पीएम मोदी ने  पद्मश्री से सम्मानित शिवानंद बाबा का मन की बात में जिक्र किया है। पीएम मोदी ने  उनकी फिटनेस की चर्चा करते हुए योग की अहमियत को एक बार स्पष्ट किया है। 

नई दिल्ली । प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज सुबह 11 बजे 'मन की बात' कार्यक्रम को संबोधित करना शुरु किया । इस कार्यक्रम में पीएम मोदी ने सबसे पहले देश से किए जा रहे निर्यात में भारी बढ़ोतरी से चर्चा शुरु की, पीएम मोदी के मुताबिक बीतेकुछ सालों में एक्सपोर्ट तकरीबन दुगुना हो गयाहै। पहले ये ज्यादा से ज्यादा दो बिलियन डॉलर हुआ करती थी। वहीं इस समय निर्यात 400बिलियन डॉलर तक पहुंच गया है। इस चर्चा में पीएम मोदी ने महान पद्मश्री से सम्मानित शिवानंद बाबा का जिक्र किया है। पीएम मोदी ने उनकी फिटनेस की चर्चा करते हुए योग से बहतर सेहत की चर्चा की है।

ये भी पढ़ें- 'मन की बात' में बोले मोदी, 400 बिलियन डॉलर एक्सपोर्ट का लक्ष्य बड़ी उपलब्धि, भारत का सामर्थ्य दुनिया में

126 साल के योग चिकित्सक हैं स्वामी शिवानंद

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

 126 वर्षीय योग चिकित्सक और गुरु स्वामी शिवानंद को योग के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए सोमवार 21 मार्च 2022 को पद्मश्री से सम्मानित किया गया था। शिवानंद शायद देश के इतिहास में सबसे उम्रदराज पद्म पुरस्कार विजेता हैं। पुरस्कार ग्रहण समारोह के दौरान स्वामी शिवानंद ने अपनी विनम्रता का परिचय देते हुए पुरस्कार प्राप्त करने से पहले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और पीएम नरेंद्र मोदी को नमन किया था। पीएम मोदी ने भी झुककर उन्हें प्रणाम किया था, वहीं राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने तो खुद आगे बढ़कर उन्हें उठाया था।



ये भी पढ़ें- सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना को छह महीने के लिए बढ़ाया, पीएम नरेंद्र मोदी ने की घोषणा

जमीन को छूकर पीएम और राष्ट्रपति का किया था अभिवादन

स्वामी शिवानंद एक योग सेवक हैं। वह अपने विनम्र स्वभाव के लिए जाने जाते हैं। सोमवार को वह पुरस्कार समारोह में पहुंचे तो वहां बैठे पीएम मोदी के सामने पहुंचते ही जमीन पर दंडवत होकर प्रणाम किया। इसके बाद वह राष्ट्रपति के सामने भी उसी तरह से अभिवादन किया। स्वामी शिवानंद के अभिवादन के तरीके से समारोह में मौजूद हर कोई भाव विभोर हो उठा। वयोवृद्ध योग चिकित्सक के इस तरह का अभिवादन देख पीएम मोदी तत्काल उठ खड़े हुए और उनको झुकते हुए प्रणाम किया। स्वामीजी ने इसी तरह राष्ट्रपति कोविंद का भी अभिवादन किया। राष्ट्रपति भी सारे प्रोटोकॉल तोड़ते हुए नीचे आ गए और उनको उठाया और फिर पद्मश्री पुरस्कार से नवाजा। वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है जिसमें नेटिज़न्स ने शिवानंद के हावभाव को भारत की सच्ची संस्कृति की अभिव्यक्ति बताया है।



ये भी पढ़ें- रक्षा मंत्रालय ने दी 21 नए सैनिक स्कूलों की स्थापना को मंजूरी, पार्टनरशिप मोड में होंगे स्थापित

शिवानंद बाबा दुनिया के सबसे बुजुर्ग आदमी
शिवानंद बाबा, वाराणसी के दुर्गाकुंड स्थित कबीर नगर कॉलोनी के निवासी हैं। एक आधिकारिक दस्तावेज के मुताबिक उनकी date of birth 1896 है। वे दुनिया के सबसे उम्रदराज व्यक्ति हैं। शिवानंद बाबा योग के जरिेए खुद को स्वस्थ रखे हैं। बाबा बारह महीनों हर दिन प्रात: 3 बजे सोकर उठते है। सबसे पहले वे योग करते है, ध्यान लगाते है। इसके बाद वे पूजा-पाठके कार्य में जुटते हैं। शिवानंद बाबा अपने खाने में फल या दूध को जरुर शामिल करते हैं। वे कम नमक वाला उबला खाना ही खाते है। इस अनुशासन की वजह से वे आज भी स्वस्थ हैं। 



ये भी पढ़ें- गांधीजी की पोती ने लाॅन्च की मोदी स्टोरी, आपके भी पास हैं पीएम मोदी से जुड़े अनसुने किस्से ताे यहां करें पोस्ट

काशी के बाबा
शिवानंद बाबा सोशल मीडिया सनसनी बन चुके हैं। उनके वीडियो जमकर शेयर किए जे रहे हैं। उनके पास जबरदस्त चुस्ती - फुर्ती हैं। वे एक पद्मश्री लेने के पहले एक झटके में पहले पीएम पिर राष्ट्रपति के सामने नतमस्तक हो गए थे। शरीर की ऐसी फुर्ती को देखकर राष्ट्रपति और उनके अधिकारी भी चौंक गए थे। वहीं उनके संबंध में डॉ. मुनीश मिश्र ने कहा कि योग भारत की अमूल्य धरोहर है जिसके सतत अभ्यास के द्वारा हमारे ऋषि महर्षि हजारों वर्षों तक बिना कुछ खाए पिए जीवित रहते थे। ऐसी स्थिति में शिवानन्द जी का 126 वर्ष की आयु में स्वस्थ रहना कोई आश्चर्य की बात नहीं है, बल्कि इससे हमारे योगशास्त्र की महत्ता प्रमाणित होता है। भारत सरकार द्वारा इनको पद्मश्री प्रदान करने से योग के प्रति लोगों का और अधिक रुझान होगा। सरकार ने बहुत ही सराहनीय कार्य किया है। 

काशी के घाटों पर योग गुरु कराते हैं रोज अभ्यास

स्वामी शिवानंद तीन दशकों से अधिक समय से काशी के घाटों पर योग का अभ्यास और शिक्षण कर रहे हैं। उनकी लगन देखकर उन्हें अपना आदर्श बनाने वालों की संख्या दिनोंदिन बढ़ रहीहै। 

ये भी पढ़ें- स्कूलों में सुधार के बाद अब युवाओं को रोजगार देने पर पूरा फोकस, देखें Delhi के बजट में क्या है खास