अयोध्या में स्थापित होने वाली रामलला की मूर्ति को कर्नाटक के मूर्तिकार अरूण योगीराज ने गढ़ा है। इसी मूर्ति को राम मंदिर के गर्भ गृह में स्थापित किया जाएगा। इसकी प्राण-प्रतिष्ठा 22 जनवरी को संपन्न होगी। 

Ram Mandir Pran Pratishtha. अयोध्या राम मंदिर में स्थापित होने वाली राम लला की मूर्ति को कर्नाटक के मूर्तिकार अरूण योगीराज ने तैयार किया है। यही मूर्ति प्राण प्रतिष्ठा के लिए चयनित की गई है और प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम 16 जनवरी 2024 से शुरू हो जाएगा। सात दिनों तक यह कार्यक्रम जारी रहेगा। मंदिर ट्रस्ट के सचिव चंपत राय ने बताया कि अरूण योगीराज द्वारा तैयार की गई मूर्ति को ही चयनित किया गया है और इसी की प्राण प्रतिष्ठा की जाएगी।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

राम मंदिर प्राण-प्रतिष्ठा का पूरा शेड्यूल

  • 16 जनवरी से प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम की शुरूआत हो जाएगी, मंदिर ट्रस्ट कार्यक्रम को होस्ट करेगा।
  • 17 जनवरी को राम लला की मूर्ति अयोध्या पहुंचेगी। श्रद्धालु सरयू जल मंगल कलश में लेकर राम मंदिर पहुंचेंगे।
  • 18 जनवरी गणेश अंबिका पूजन से कार्यक्रम की विधिवत शुरूआत होगी। इसके बाद वरूण पूजा, मातृका पूजा, ब्राह्मण वरण और वास्तु पूजा होगी।
  • 19 जनवरी नवग्रह और हवन के लिए पवित्र अग्नि प्रज्जवलित कर दी जाएगी।
  • 20 जनवरी कोो राम जन्मभूमि मंदिर को सरयू जल से धोया जाएगा। वास्तु शांति और अन्नदिवस पूजा की जाएगी।
  • 21 जनवरी को राम लला को स्नान कराया जाएगा और मूर्ति को वैदिक रीति से स्थापित किया जाएगा।
  • 22 जनवरी को 12.30 बजे से प्राण प्रतिष्ठा कार्यक्रम शुरू होगा। 150 देशों के लोग शामिल होंगे।

Scroll to load tweet…

15-200 किलो वजनी पत्थर से बनी मूर्ति

अयोध्या में प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित करते हुए मंदिर ट्रस्ट के सचिव चंपत राय ने बताया कि दूसरे सभी मूर्तियों में से अरूण योगीराज की मूर्ति का चयन किया गया है। यह मूर्ति तैयार करने मे करीब 150-200 किलो पत्थर का इस्तेमाल किया गया है। मूर्ति भगवान राम के 5 वर्ष की अवस्था को दर्शाने वाला है। उन्होंने यह भी कहा कि जिस राम लला की पूजा पिछले 70 वर्षों से की जा रही है, उन्हें भी गर्भ गृह में ही स्थापित किया जाएगा। प्राण प्रतिष्ठा का कार्यक्रम 22 जनवरी 2024 को संपन्न होगा और 16 जनवरी से कार्यक्रम की शुरूआत हो जाएगी।

यह भी पढ़ें

प्रभु श्रीराम की कल्पना माता शबरी के बिना नहीं, हमारी सरकार आदिवासी भाई-बहनों के कल्याण के लिए कर रही काम: पीएम