कोलकाता के चोरबागान सर्बोजनीन दुर्गा पूजा पंडाल में हुई भगदड़ में 19 लोगों की मौत हो गई। हादसे पर सीएम शुभेंदु ने जांच के लिए जल्द ही SIT का गठन किया जाएगा। साथ ही मृतकों के परिजनों को 25 लाख रुपये का मुआवजा और सरकारी नौकरी का ऐलान किया है।

कोलकाता (पश्चिम बंगाल) ,कोलकाता के चोरबागान सर्बोजनीन दुर्गा पूजा पंडाल में मची भगदड़ के बाद, पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने रविवार को बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि इस घटना की जांच के लिए जल्द ही एक स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) बनाई जाएगी। इस मामले में अब तक छह लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। बता दें कि दुर्गा पूजा पंडाल में भारी भीड़ के कारण यह दर्दनाक हादसा हुआ था। इस भगदड़ में 19 लोगों की जान चली गई और कई अन्य घायल हो गए।

कलकत्ता हाईकोर्ट से लेकर SIT तक

  • पत्रकारों से बातचीत में सीएम ने बताया कि चीफ सेक्रेटरी कलकत्ता हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को पत्र लिखकर SIT बनाने की इजाजत मांगेंगे।उन्होंने कहा, "एक सिटिंग जज की अगुवाई में SIT बनाई जा रही है। चीफ सेक्रेटरी कलकत्ता हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस को चिट्ठी लिखेंगे। जैसे ही परमिशन मिलेगी, हम तुरंत SIT का गठन कर देंगे।"
  • गिरफ्तारियों और घायलों की हालत पर अधिकारी ने कहा, "भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत छह लोगों को गिरफ्तार कर पुलिस रिमांड में लिया गया है। कुल 25 घायलों में से दो अभी भी आईसीयू में हैं, जबकि बाकी 23 लोगों का इलाज पूरा होने के बाद उन्हें डिस्चार्ज करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है।
  • उन्होंने साफ किया कि राज्य सरकार हालात पर पैनी नजर रखे हुए है और घटना के बाद हर जरूरी कदम उठा रही है।
    सीएम ने कहा, "राज्यपाल और केंद्रीय गृह मंत्री ने अस्पताल का दौरा किया है।
  • मैं खुद चीफ सेक्रेटरी, पुलिस कमिश्नर, होम सेक्रेटरी और डीजीपी के साथ मिलकर हालात की निगरानी कर रहा हूं। पूरी सरकार काम में जुटी है। हम कोई छुट्टी नहीं मना रहे और न ही सोशल मीडिया पर कुछ पोस्ट कर रहे हैं। हम प्रेस में बयानबाजी करके दूसरों पर आरोप भी नहीं लगा रहे हैं।" अधिकारी ने मूर्ति विसर्जन और नदी घाटों पर सुरक्षा को लेकर भी बात की।

अंतिम संस्कार तक कराएगी सरकार?

आज की बैठक में नदी घाटों पर मूर्ति विसर्जन और बिना मोटर वाली पारंपरिक नावों के इस्तेमाल को लेकर चर्चा हुई। इस घटना के बाद जरूरी एहतियात बरतना बहुत जरूरी है। सभी लोग पूजा के जश्न में डूबे हैं, ऐसे में जनता की सुरक्षा सबसे ऊपर है। हर छोटी-बड़ी कमी की समीक्षा की गई है। 19 मृतकों में से 18 पश्चिम बंगाल के ही रहने वाले थे। हर पीड़ित परिवार के साथ सिविल प्रशासन, पुलिस और स्थानीय विधायक की एक टीम मौजूद रहेगी, जो अंतिम संस्कार पूरा होने तक उनकी मदद करेगी..."

कोलकाता पुलिस ने 7 लोगों को किया गिरफ्तार

  • कोलकाता पुलिस ने मामले में सात लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें पूजा कमेटी का सेक्रेटरी राज कुमार सेवड़ा उर्फ राजा, वाइस-प्रेसिडेंट शांतनु दुबे और बांस का स्ट्रक्चर बनाने वाला बिप्लब मुखर्जी उर्फ जॉय शामिल हैं।
  • इसके अलावा भीड़ संभालने और वीआईपी पास चेक करने वाले कौशिक साहा, भीड़ नियंत्रण में लगे पिंटू डे और प्राइवेट सिक्योरिटी इंचार्ज के तौर पर काम कर रहे सुमन चक्रवर्ती और राजेश पाल को भी पकड़ा गया है।
  • पुलिस ने पूछताछ के लिए 14 लोगों को हिरासत में भी लिया गया है।
    किसी भी तरह के हंगामे को रोकने के लिए कोलकाता के कुछ हिस्सों में 18 से 20 अक्टूबर तक भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 163 लागू कर दी गई है।
  • पश्चिम बंगाल सरकार ने हर मृतक के परिवार को 25 लाख रुपये का मुआवजा और एक सरकारी नौकरी देने का ऐलान किया है। इसके साथ ही जवाबदेही तय करने के लिए स्पेशल टास्क फोर्स (STF) ने भी अपनी जांच शुरू कर दी है।