Goree Beauty Cream: नागपुर में 18 महिलाओं में किडनी संबंधी समस्याओं के बाद Goree Beauty Cream चर्चा में है। सोशल मीडिया पर दावा है कि महाराष्ट्र FDA की जांच में क्रीम में कानूनी सीमा से 752 गुना अधिक पारा मिला।
Nagpur Goree Beauty Cream Case: गोरा दिखने का दावा करने वाली एक स्किन क्रीम को लेकर सोशल मीडिया पर गंभीर चिंता जताई जा रही है। दावा किया जा रहा है कि महाराष्ट्र के नागपुर में पिछले दो वर्षों के दौरान 18 महिलाओं में किडनी संबंधी समस्याएं सामने आईं और जांच के दौरान एक समान बात यह मिली कि सभी कथित तौर पर Goree Beauty Cream का इस्तेमाल कर रही थीं। इस बीच, महाराष्ट्र खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA) की लैब जांच को लेकर भी सोशल मीडिया पर कई दावे वायरल हो रहे हैं। हालांकि, इस मामले में संबंधित जांच एजेंसियों की अंतिम रिपोर्ट और कानूनी कार्रवाई का इंतजार किया जा रहा है।

क्या है पूरा मामला?
सोशल मीडिया पर हेल्थ कंटेंट क्रिएटर चिराग बरजात्या ने एक पोस्ट में दावा किया कि नागपुर के डॉक्टरों ने किडनी संबंधी शिकायतों वाले मरीजों में एक समान पैटर्न देखा। इसके बाद कथित रूप से इस्तेमाल की जा रही Goree Beauty Cream के नमूने महाराष्ट्र FDA को जांच के लिए भेजे गए। पोस्ट के मुताबिक, लैब परीक्षण में क्रीम में कानूनी सीमा से 752 गुना अधिक पारा (Mercury) पाया गया। हालांकि, इस दावे की स्वतंत्र रूप से आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध नहीं है। ऐसे मामलों में अंतिम निष्कर्ष संबंधित सरकारी एजेंसियों की जांच रिपोर्ट के आधार पर ही माना जाता है।
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पारा (Mercury) शरीर के लिए कितना खतरनाक?
एक्सपर्ट्स के अनुसार, पारा (Mercury) एक अत्यधिक विषैला भारी धातु है। कुछ अवैध स्किन-लाइटनिंग उत्पादों में इसका उपयोग त्वचा में मेलानिन बनने की प्रक्रिया को दबाने के लिए किया जाता है, जिससे त्वचा कुछ समय के लिए हल्की दिखाई दे सकती है। लेकिन लंबे समय तक ऐसे उत्पादों का इस्तेमाल गंभीर स्वास्थ्य जोखिम पैदा कर सकता है। पारा त्वचा के जरिए शरीर में प्रवेश कर किडनी, तंत्रिका तंत्र और अन्य अंगों को नुकसान पहुंचा सकता है। यही वजह है कि स्वास्थ्य विशेषज्ञ हमेशा केवल प्रमाणित और नियामक एजेंसियों से स्वीकृत कॉस्मेटिक उत्पादों के उपयोग की सलाह देते हैं।
सोशल मीडिया पर उठे सवाल, क्या करें उपभोक्ता?
यह मामला सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने सवाल उठाए कि यदि उत्पाद में वास्तव में हानिकारक तत्व हैं, तो वह ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर कैसे उपलब्ध हुआ।
किसी भी स्किन-व्हाइटनिंग या ब्यूटी प्रोडक्ट को खरीदने से पहले उसके निर्माता, लाइसेंस, सामग्री (Ingredients) और नियामकीय स्वीकृति की जांच जरूर करें। यदि किसी कॉस्मेटिक उत्पाद के इस्तेमाल के बाद त्वचा, किडनी या अन्य स्वास्थ्य संबंधी समस्या महसूस हो, तो उसका उपयोग तुरंत बंद कर डॉक्टर से संपर्क करें और संबंधित नियामक प्राधिकरण को भी इसकी जानकारी दें।
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