भारत में खेल का मतलब क्रिकेट ही माना जाता रहा है लेकिन 2022 का साल भारतीय खेलों के लिहाज से काफी शानदार रहा है। कॉमनवेल्थ गेम्स (Commonwealth Games) में भारतीय एथलीट्स (Indian Athletes) ने शानदार प्रदर्शन किया और 61 मेडल्स जीते। इसके साथ ही खेला इंडिया ने भी नई जान फूंकी है। 

Sports Achievments India 2022. भारतीय स्पोर्ट्स के लिए साल 2022 बेहद शानदार रहा है। भले ही भारतीय क्रिकेट टीम ने बड़े टूर्नामेंट नहीं जीते लेकिन दूसरे खेलों ने लाखों एथलीट्स को नई राह दिखाई है। इससे सबसे बड़ा काम कॉमनवेल्थ गेम्स का रहा जहां पहली बार भारत ने उन खेलों में भी मेडल्स हासिल किए जिनमें अभी तक भारत का खाता भी नहीं खुला था। प्रधानमंत्री मोदी ने भारतीय एथलीट्स की कामयाबी पर कहा कि यह साल भारतीय खेलों के गोल्डेन युग की शुरूआत है और आने वाले दिनों में भारतीय एथलीट्स ओलंपिक जैसे गेम्स में भी शानदार प्रदर्शन करेंगे। 

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कैसा रहा कॉमनवेल्थ 2022
पहली बार बर्मिंघम में आयोजित कॉमनवेल्थ गेम्स में निशानेबाजी की प्रतियोगिता शामिल नहीं जिसमें भारत सबसे ज्यादा मेडल्स जीतता रहा है। इसलिए माना जा रहा था कि भारत ज्यादा मेडल नहीं जीत पाएगा लेकिन भारतीय एथलीट्स ने बिल्कुल भी निराश नहीं किया और कुल 61 मेडल भारत के लिए जीतकर नया इतिहास रच दिया। भारत ने कुल 22 गोल्ड मेडल, 16 सिल्वर और 23 ब्रान्ज मेडल जीते और भारत के लाखों युवाओ को अलग-अलग गेम्स में पार्टिसिपेट करने के लिए प्रेरित किया।

पहली बार लॉन बाल में गोल्ड
भारतीय लॉन बाल टीम में शामिल रूपा रानी टिर्की, नयनमोनी सैकिया, लवली चौबे और पिंकी सिंह ने इतिहास रचते हुए भारत के लिए पहली बार लॉन बाल प्रतियोगिता का गोल्ड मेडल जीता। उन्होंने साउथ अफ्रीकी टीम को 17-10 से हराकर गोल्ड जीता। वहीं पुरूष टीम भी पीछे नहीं रही और भारत के लिए पहली बार सिल्वर मेडल जीतकर इतिहास रच दिया।

महिला क्रिकेट टीम का कमाल
भारतीय महिला क्रिकेट टीम ने भी कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन किया। फाइनल में भारतीय महिला टीम भले ही ऑस्ट्रेलिया से हार गई लेकिन इंडियन वुमेन टीम ने शानदार खेल दिखाकर भारत को गौरवान्वित किया। रोमांचक फाइनल में भारतीय महिलाएं भले ही 9 रनों से हार गईं लेकिन उन्होंने सिल्वर मेडल जीतकर नया अध्याय जरूर लिख दिया।

भारतीय हॉकी टीम ने जीते मेडल
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारत की सबसे बड़ी उपलब्धि यह रही कि भारत ने 4 ऐसे खेलों में मेडल जीते जिनमें भारत ने कभी कोई मेडल नहीं जीता था। भारतीय महिला क्रिकेट टीम की तरह ही भारतीय पुरूष हॉकी टीम ने भी भारत के लिए सिल्वर मेडल जीता। वहीं महिला हॉकी टीम ने भारत के लिए ब्रान्ज मेडल जीतकर इतिहास में नाम दर्ज करा दिया। वहीं पारा पावर लिफ्टर सुधीर कुमार ने पहली बार गोल्ड मेडल जीतकर हिस्ट्री क्रिएट की।

वेटलिफ्टिंग-बॉक्सिंग में शानदार प्रदर्शन
कॉमनवेल्थ गेम्स में भारतीय महिला और पुरूष वेट लिफ्टर्स ने शानदार प्रदर्शन किए और कुल 10 मेडल जीते। इनमें मीराबाई चानू, अंचिता शेउली और जेरमी लालरिनुंगा ने गोल्ड मेडल जीतकर भारत को गौरवान्वित किया। बॉक्सिंग में भारतीय टीम ने कुल 7 मेडल पर कब्जा किया। इनमें अमित पंघाल, नीतू घंघस और निकहत जरीन ने गोल्ड मेडल हासिल किए।

टेबल टेनिस-बैडमिंटन में भी मेडल
भारतीय टेबल टेनिस टीम ने कुल 7 मेडल जीते जिसमें से 4 गोल्ड मेडल जीतने वाले अचंता शरत कमल ने सिंगल और मिक्स दोनों में सोना जीता। वहीं बैडमिंटन स्टार पीवी सिंधू और लक्ष्य सेन ने गोल्ड मेडल जीतकर कॉमनवेल्थ में नया रिकॉर्ड बनाया। वहीं चिराग शेट्टी और सात्विक साइराज ने भी गोल्ड मेडल जीते। 

क्रिकेट में बने व्यक्तिगत रिकॉर्ड
भारतीय एथलीट्स ने शानदार प्रदर्शन किया वहीं इंडियन क्रिकेट टीम कुछ खास हासिल नहीं कर पाई। भारत ने द्विपक्षीय सीरीज तो गंवाए ही एशिया कप और टी20 वर्ल्ड कप में भी हार का सामना करना पड़ा। लेकिन भारतीय बल्लेबाज सूर्यकुमार यादव ने शानदार उपलब्धि दर्ज की और दुनिया के नंबर वन टी20 बैटर बने। वहीं विराट कोहली, रोहित शर्मा जैसी सीनियर्स ने भी कई रिकॉर्ड्स बनाए। पाकिस्तान के खिलाफ टी20 वर्ल्डकप के पहले मैच में विराट कोहली की बड़ी पारी ऐतिहासिक रही। हालांकि इसका टीम की परफार्मेंस पर कोई खास असर नहीं पड़ा।

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