आज के समय में कई बार काला जादू जैसे शब्द सुनने को मिल जाते हैं। इनमें कितनी सच्चाई है ये तो नहीं कहा जा सकता है, लेकिन भारत आज भी कुछ जगहें ऐसी हैं जो काला जादू के लिए प्रसिद्ध है।

उज्जैन. हमारे देश में तंत्र-मंत्र और काले जादू से जुड़ी कई मान्यताएं और भ्रांतियां हैं। आज हम आपको ऐसी 4 जगहों के बारे में बता रहे हैं, जो इनके लिए प्रसिद्ध हैं...

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1. कोलकाता का निमतला घाट
बंगाल शुरू से ही काले जादू का गढ़ रहा है। कोलकाता के निमतला घाट पर आज भी तंत्र साधना की जाती है। यहां रात में गुप्त तरीके से काले जादू का अभ्यास भी किया जाता है। यहां के श्मशान घाट पर अघोरी देर रात तक रूकते हैं।

2. असम का मेयोंग
असम भी काले जादू के लिए प्रसिद्ध स्थान है। तंत्र-मंत्र के मामले में असम का मायोंग गांव हमेशा चर्चा में रहता है। लोग तो इस गांव का नाम लेने से भी डरते हैं। यह गांव असम के राजधानी शहर गुवाहाटी से करीब 40 किमी की दूरी पर है।

3. वाराणसी के श्मशान घाट
वाराणसी को भारत की धार्मिक नगरी कहा जाता है। वाराणसी में ही भारत का सबसे बड़ा श्मशान घाट (मर्णिकर्णिका घाट) भी है। कहते हैं यहां की राख कभी ठंडी नहीं पड़ती। वाराणसी के श्मशान घाटों पर अघोरी (तांत्रिक साधु) तंत्र साधना करते हैं। इनका मानना है कि यह तंत्र साधना देवी-देवताओं को खुश करने के लिए की जाती है। जिससे इन्हें आम इंसान से ज्यादा ताकत मिल सके।

4. कामाख्या मंदिर, असम
असम में ही गुवाहटी के नजदीक मां कामाख्या का प्रसिद्ध मंदिर है। यहां भी दूर-दूर से तांत्रिक साधना करने आते हैं। इस स्थान को सिद्ध तंत्र स्थान कहा जाता है। नवरात्र के दिनों में तो यहां अघोरियों का मेला लग जाता है। सभी अलग-अलग तरह से अपनी साधना में लीन हो जाते हैं।