डियाजियो RCB फ्रेंचाइजी को 2 अरब डॉलर में बेच सकती है। यह कीमत भविष्य में IPL मीडिया राइट्स की बढ़ती वैल्यू पर आधारित है। हालांकि, कोहली के रिटायरमेंट के बाद टीम के क्रेज में कमी और स्टेडियम की अनिश्चितता जैसी चुनौतियां भी हैं।

बेंगलुरु: खबर है कि डियाजियो कंपनी RCB फ्रेंचाइजी को बेचने के लिए 2 अरब अमेरिकी डॉलर (करीब 17,600 करोड़ रुपए) मांग रही है। ऐसे में यह सवाल उठना लाज़मी है कि क्या इतनी बड़ी रकम देकर फ्रेंचाइजी खरीदना फायदेमंद होगा? वैसे तो IPL टीम का मालिक होना फायदे से ज़्यादा प्रतिष्ठा की बात है, लेकिन टीम खरीदने की कीमत इस बात पर तय हो सकती है कि आने वाले दिनों में IPL मीडिया राइट्स की बिक्री से कितना पैसा मिलेगा।

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मीडिया राइट्स की वैल्यू में भारी बढ़ोतरी

एक अंदाज़े के मुताबिक, जियो-स्टार के एक साथ आने से मीडिया राइट्स की वैल्यू काफी बढ़ जाएगी। हाल ही में जियो-सिनेमा ने दावा किया था कि उसके सब्सक्राइबर्स की संख्या 50 करोड़ पार कर गई है। इस हिसाब से, अगर IPL देखने के लिए हर महीने 100 रुपए का शुल्क भी रखा जाए, तो महीने में करीब 5000 करोड़ रुपए की कमाई हो सकती है। 

IPL मैचों की संख्या बढ़कर 96 होने की उम्मीद है, जिससे टूर्नामेंट मार्च से जून तक, यानी करीब 4 महीने चल सकता है। इससे कमाई और भी बढ़ सकती है। इसलिए, यह अनुमान लगाया जा रहा है कि 2027 में जब 5 साल के लिए मीडिया राइट्स बेचे जाएंगे, तो यह डील मौजूदा रकम से कहीं ज़्यादा बड़ी होगी। मीडिया राइट्स से होने वाली कुल कमाई का 50% हिस्सा BCCI सभी 10 टीमों में बराबर बांटेगी। इसी वजह से, RCB के मालिकों द्वारा मांगी जा रही 2 अरब डॉलर की रकम को सही ठहराया जा रहा है।

टीम खरीदने वालों के सामने बड़ी चुनौती

कुछ लोगों का तर्क है कि इतने सालों तक RCB का क्रेज इसलिए था क्योंकि टीम ने कप नहीं जीता था। अब जब टीम कप जीत चुकी है और विराट कोहली भी रिटायरमेंट के करीब हैं, तो हो सकता है कि यह क्रेज कम हो जाए। इसके अलावा, चिन्नास्वामी स्टेडियम में हुई भगदड़ की घटना के बाद, टीम को बेंगलुरु में स्टेडियम मिलने को लेकर भी कोई साफ जानकारी नहीं है। अगर डियाजियो RCB टीम को बेचती है, तो इन सभी बातों पर भी गौर किया जा सकता है।