WTC Final 2025: साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025 का फाइनल मुकाबला लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर खेला जा रहा है। अब तक दो दिनों में तेज गेंदबाजों का जलवा दिखाई दे रहा है। 

SA vs AUS WTC Final 2025: आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2025 का फाइनल मुकाबला साउथ अफ्रीका और ऑस्ट्रेलिया के बीच लंदन के ऐतिहासिक क्रिकेट ग्राउंड लॉर्ड्स में खेला जा रहा है। दो दिन का खेल समाप्त हो चुका है। पहली पारी में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करती हुई ऑस्ट्रेलिया की टीम 212 रनों पर सिमट गई। कागिसो रबाडा ने 5 विकेट चटकाए। उसके बाद साउथ अफ्रीकी बल्लेबाज भी पहली इनिंग में 138 रन बनाए। पैट कमिंस ने धारदार गेंदबाजी करते हुए 6 विकेट अपने नाम कर लिए। इसके साथ ही दूसरी पारी में ऑस्ट्रेलिया को बढ़त मिल गई। दूसरी इनिंग में ऑस्ट्रेलिया के बल्लेबाजों ने 8 विकेट पर 144 रन बना लिए हैं। ऐसे में लॉर्ड्स पर लो स्कोरिंग चेज काफी रोमांचक हो सकता है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप के तीसरे एडिशन का फाइनल काफी दिलचस्प होने वाला है। इस ग्राउंड पर चौथी पारी में चेज की बात करें, तो वेस्टइंडीज ने इंग्लैंड के खिलाफ साल 1984 में चेज किया था। इस मैदान पर अब तक के टेस्ट इतिहास का यह सबसे बड़ा चेज है। वेस्टइंडीज एकमात्र ऐसी टीम है, जिन्होंने 300+ का स्कोर चौथी पारी में सफलतापूर्वक चेज कर लिया था। ऑस्ट्रेलिया का द्वारा इस ऐतिहासिक मैदान पर सबसे बड़ा चेज हुआ स्कोर 131 रन है। 1921 में इंग्लैंड के खिलाफ टीम ने यह करनामा किया था। उनके अलावा इंग्लैंड ने साल 2022 में न्यूजीलैंड के खिलाफ 279 के लक्ष्य का पीछा कर लिया।

इस ग्राउंड पर कैसा रहा है साउथ अफ्रीका का इतिहास?

इस बार WTC फाइनल में ऑस्ट्रेलिया नहीं, बल्कि साउथ अफ्रीका की टीम चौथी पारी में खेलने के लिए उतर रही है। उन्हें कंगारुओं के सामने लक्ष्य का पीछा करना होगा। इस क्रिकेट ग्राउंड पर केवल एक मात्र चेज दक्षिण अफ्रीका की टीम ने अब तक किया है। साल 1998 में इस टीम ने इंग्लैंड को 10 विकेट से हरा दिया था। वेस्टइंडीज को छोड़कर विश्व क्रिकेट में कोई ऐसी टीम नहीं है, जिसने 200+ का टारगेट चौथी पारी में हासिल किया है।

चौथी पारी में क्या कहते हैं लॉर्ड्स के आंकड़े?

लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर चेज में आंकड़े की बात करें, तो यहां अब तक कुल 147 टेस्ट मुकाबले खेले जा चुके हैं। इन मैचों में पहले बल्लेबाजी करने वाली टीम को 53 बार जीत मिली है, जबकि चेज करने वाली टीमों ने 43 मैच अपने नाम किए हैं। इस आंकड़े के मुताबिक आप यह अंदाजा लगा सकते हैं, कि चेज करना यहां कितना ज्यादा कठिन होने वाला है। साउथ अफ्रीका को यह करने में सफल होती है, तो इतिहास के पन्नों में अमर हो जाएगी।