PM Modi Sports Schemes: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हमेशा खेलों को बहुत तवज्जो दी है। उनका मानना है कि ये देश की सॉफ्ट पावर है। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कई स्पोर्ट्स स्कीम्स अनाउंस की, आइए जानते हैं उनके बारे में...

Narendra Modi Birthday 2025: भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 सितंबर को अपना 75 वां जन्मदिन मना रहे हैं। इस मौके पर आइए आज जानते हैं कि खेल जगत में पीएम मोदी ने कौन सी नई योजनाएं शुरू की, जिससे भारतीय खिलाड़ियों ने अंतर्राष्ट्रीय लेवल पर खेलों में बेहतर प्रदर्शन किया। बता दें कि ओलंपिक गेम से लेकर कॉमनवेल्थ और कई इंटरनेशनल प्रतियोगिता में भारतीय खिलाड़ियों ने 30 से ज्यादा मेडल लाए हैं और ये इसलिए संभव हुआ क्योंकि पीएम मोदी ने अपने कार्यकाल के दौरान खेलों को लगातार बढ़ावा देने और हर संभव समर्थन देने का आश्वासन दिया। आइए आज बात करते हैं ऐसी ही 4 खेल योजनाओं के बारे में...

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TOPS स्कीम

2014 में जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पहली बार देश के प्रधानमंत्री बने तो उसके दो महीने बाद ही उन्होंने ओलंपिक खेलों में भारत की स्थिति को सुधारने के लिए टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम यानी कि TOPS की शुरुआत की। जिसमें ऐसे खिलाड़ियों की पहचान की जाती है, जो ओलंपिक मेडल के दावेदार हो सकते हैं। इन खिलाड़ियों को हर महीने ₹50000 का स्टाइपेंड दिया जाता है। साथ ही विदेशी टूर्नामेंट का खर्चा भी सरकार उठाती है। भारतीय एथलीट पीवी सिंधु, साक्षी मलिक, बजरंग पूनिया और नीरज चोपड़ा जैसे सितारों ने इस स्कीम का फायदा उठाकर ओलंपिक खेलों में मेडल जीता।

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2017 में शुरू हुई खेलो इंडिया स्कीम

2017 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खेलो इंडिया गेम्स की शुरुआत की, जिसका उद्देश्य भारत के हर कोने से प्रतिभा को तलाशना था। पिछले 8 सालों में 19 खेलो इंडिया गेम्स का आयोजन हो चुका है। इसमें यूथ गेम्स, खेलो इंडिया यूनिवर्सिटी गेम्स, खेलो इंडिया विंटर गेम्स और बीच गेम्स जैसे अलग-अलग आयोजन किए गए। इससे शहरी ही नहीं बल्कि ग्रामीण इलाकों में जाकर भी खेल के प्रति समर्पित लोगों की पहचान की गई।

खेलो इंडिया सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्कीम

युवाओं को खेलों के प्रति आकर्षित करने के लिए पीएम मोदी ने देश के छोटे-बड़े गांव और शहरों में खेलो इंडिया सेंटर और खेलो इंडिया स्टेट्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाए हैं। इसमें पूर्व चैंपियन खिलाड़ी भविष्य के खिलाड़ियों को ट्रेनिंग देते हैं। भारत में अब तक 1057 खेलो इंडिया सेंटर और 34 खेलो इंडिया सेंटर ऑफ एक्सीलेंस बनाए जा चुके हैं।

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खेलो इंडिया टैलेंट आइडेंटिफिकेशन स्कीम

टारगेट ओलंपिक पोडियम स्कीम के बाद पीएम मोदी ने खेलो इंडिया टैलेंट आइडेंटिफिकेशन प्रोग्राम भी शुरू किया। इसमें अलग-अलग गेम्स के नेशनल चैंपियन और कैंप से कुछ खास खिलाड़ियों को सिलेक्ट किया जाता है, फिर इन्हें देश की टॉप की अकादमी में ट्रेनिंग दी जाती है। इन एथलीट्स पर हर साल 6 लाख 28 हजार रुपए खर्च सरकार की तरफ से किया जाता है, ताकि उनके खेलों को और ज्यादा निखारा जा सके।