Chhattisgarh News: क्या अब शिकायतों का होगा तेज समाधान? एक कॉल से कैसे पहुंचेगी बात सरकार तक? क्या हर शिकायत की ऑनलाइन ट्रैकिंग होगी? समाधान से असंतुष्ट होने पर क्या होगा? 42 विभागों और 8 हजार अधिकारियों से जुड़ी नई सीएम हेल्पलाइन ने लोगों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं।
रायपुर। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने मंगलवार को मंत्रालय महानदी भवन में राज्य की बहुप्रतीक्षित सीएम हेल्पलाइन 1076 का औपचारिक शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने हेल्पलाइन के आधिकारिक लोगो का भी अनावरण किया। कार्यक्रम में मंत्रिपरिषद के सदस्य और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य प्रत्येक नागरिक की समस्याओं को सुनना, उनका निर्धारित समय-सीमा में समाधान सुनिश्चित करना और प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक जवाबदेह बनाना है। उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार के दौरान प्रदेशभर से मिले सुझावों, शिकायतों और जनप्रतिसाद ने एक मजबूत और स्थायी जनसंपर्क व्यवस्था की आवश्यकता को सामने रखा था। इसी सोच के आधार पर सीएम हेल्पलाइन की शुरुआत की गई है।
टोल फ्री नंबर 1076 पर दर्ज होंगी शिकायतें और सुझाव
मुख्यमंत्री ने बताया कि अब प्रदेश के नागरिक टोल फ्री नंबर 1076 पर अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगे। इसके अलावा लोग शासन की योजनाओं और सेवाओं को लेकर सुझाव तथा फीडबैक भी साझा कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि यह प्रणाली सुशासन, पारदर्शिता और जवाबदेही को मजबूत बनाएगी। साथ ही जनता और सरकार के बीच विश्वास और संवाद को भी नई मजबूती प्रदान करेगी।
व्हाट्सएप से जुड़ी हेल्पलाइन, डिजिटल गवर्नेंस को मिलेगा बढ़ावा
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डिजिटल युग की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सीएम हेल्पलाइन को व्हाट्सएप प्लेटफॉर्म से भी जोड़ा गया है। इससे नागरिक अपने मोबाइल फोन के माध्यम से आसानी से सरकार तक अपनी बात पहुंचा सकेंगे। उन्होंने बताया कि इस हेल्पलाइन का दायरा काफी व्यापक है। इसमें राज्य शासन के 42 विभागों के करीब 8 हजार अधिकारी शामिल किए गए हैं। वहीं 1195 अलग-अलग श्रेणियों में तय समय-सीमा के भीतर शिकायतों के निपटारे की व्यवस्था बनाई गई है।
यूनिक आईडी से शिकायत की ऑनलाइन ट्रैकिंग होगी आसान
मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि प्रत्येक शिकायत के लिए एक यूनिक आईडी जारी की जाएगी। इसके माध्यम से शिकायतकर्ता अपने आवेदन की स्थिति को ऑनलाइन देख और ट्रैक कर सकेगा। उन्होंने कहा कि यदि किसी व्यक्ति को शिकायत के समाधान से संतुष्टि नहीं होती है, तो मामला स्वतः उच्च अधिकारियों के पास दोबारा जांच और समीक्षा के लिए भेज दिया जाएगा। इससे केवल औपचारिक या सतही समाधान की संभावना कम होगी और जवाबदेही सुनिश्चित की जा सकेगी।
24 घंटे सक्रिय रहेगी सीएम हेल्पलाइन, सचिव स्तर पर होगी निगरानी
मुख्यमंत्री ने बताया कि सीएम हेल्पलाइन सप्ताह के सातों दिन और चौबीसों घंटे संचालित होगी। इसके लिए तीन अलग-अलग शिफ्टों में कर्मचारियों की तैनाती की गई है। साथ ही सचिव स्तर के अधिकारी डैशबोर्ड के माध्यम से इसकी नियमित मॉनिटरिंग करेंगे। मुख्यमंत्री सचिवालय भी हेल्पलाइन की कार्यप्रणाली और शिकायतों के समाधान की लगातार निगरानी करेगा।
शिकायत निवारण के साथ जनभागीदारी का भी बनेगा मंच
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यह हेल्पलाइन केवल शिकायतों के निपटारे तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि नागरिकों की भागीदारी को बढ़ावा देने का एक प्रभावी मंच भी बनेगी। उन्होंने कहा कि प्रदेशवासी राज्य के विकास से जुड़े सुझाव भी इस प्लेटफॉर्म के माध्यम से साझा कर सकेंगे। इससे नीति निर्माण और विभिन्न योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में मदद मिलेगी।
'नागरिक देवो भव' की भावना के साथ मजबूत होगा शासन-जनता संवाद
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा दिए गए "नागरिक देवो भव" के मंत्र को अपनाते हुए राज्य सरकार डिजिटल गवर्नेंस को लगातार मजबूत कर रही है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सीएम हेल्पलाइन 1076 शासन और जनता के बीच संवाद को अधिक प्रभावी बनाएगी तथा समस्याओं के त्वरित समाधान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
पावर पॉइंट प्रस्तुति के जरिए बताई गई हेल्पलाइन की विशेषताएं
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री के सचिव एवं सचिव, सुशासन एवं अभिसरण विभाग श्री राहुल भगत ने पावर पॉइंट प्रेजेंटेशन के माध्यम से सीएम हेल्पलाइन की कार्यप्रणाली, उद्देश्यों और प्रमुख विशेषताओं की विस्तृत जानकारी दी। इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव और श्री विजय शर्मा, मुख्य सचिव श्री विकासशील, मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव श्री सुबोध कुमार सिंह, सचिव श्री पी. दयानंद, विशेष सचिव श्री रजत बंसल सहित अनेक वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


