खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 में अंबिकापुर के गांधी स्टेडियम में मल्लखंभ का भव्य शुभारंभ हुआ। 14 राज्यों के खिलाड़ियों ने पोल और रोप मल्लखंभ में शानदार प्रदर्शन किया। इस आयोजन का उद्देश्य पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देना और जनजातीय प्रतिभाओं को मंच देना है।
रायपुर। खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 के तहत सरगुजा जिले के गांधी स्टेडियम, अंबिकापुर में पारंपरिक भारतीय खेल मल्लखंभ का भव्य शुभारंभ हुआ। इस मौके पर खिलाड़ियों ने अपने अद्भुत संतुलन, ताकत और लचीलापन का शानदार प्रदर्शन किया, जिसे देखकर दर्शक मंत्रमुग्ध हो गए।
पारंपरिक खेल मल्लखंभ को राष्ट्रीय पहचान देने की पहल
मल्लखंभ भारत की प्राचीन खेल परंपरा का अहम हिस्सा है। इस प्रतियोगिता में इसे डेमो खेल के रूप में शामिल किया गया है, ताकि इसे राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिल सके। इस पहल का उद्देश्य पारंपरिक खेलों को बढ़ावा देना और नई पीढ़ी को उनसे जोड़ना है।
14 राज्यों की भागीदारी से बढ़ी प्रतियोगिता की गरिमा
इस प्रतियोगिता में देश के 14 राज्यों की टीमें हिस्सा ले रही हैं, जिससे आयोजन को राष्ट्रीय स्तर की पहचान मिल रही है। अलग-अलग राज्यों से आए खिलाड़ी अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रहे हैं और प्रतिस्पर्धा को और भी रोचक बना रहे हैं।
Mallakhamb Competition Events: पोल, रोप और पिरामिड स्पर्धाओं का आयोजन
मल्लखंभ प्रतियोगिता के अंतर्गत कई प्रकार की स्पर्धाएं आयोजित की जा रही हैं। इनमें बालक और बालिका वर्ग में टीम चैंपियनशिप (पोल और रोप मल्लखंभ), पिरामिड चैंपियनशिप शामिल हैं। वहीं पुरुष और महिला वर्ग में पिरामिड, पोल मल्लखंभ, रोप मल्लखंभ और हैंगिंग मल्लखंभ जैसे इवेंट्स रखे गए हैं। टीम स्पर्धाओं में अधिकतम 6 खिलाड़ियों की भागीदारी तय की गई है।
खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन, दर्शकों ने किया उत्साहवर्धन
गांधी स्टेडियम में आयोजित इस प्रतियोगिता में देशभर से आए खिलाड़ियों ने पोल और रस्सी मल्लखंभ पर आकर्षक करतब दिखाए। उनके बेहतरीन प्रदर्शन को देखकर दर्शकों ने जोरदार तालियों के साथ उनका हौसला बढ़ाया।
Tribal Games 2026 का उद्देश्य: जनजातीय प्रतिभाओं को मंच देना
खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स 2026 का मुख्य उद्देश्य जनजातीय क्षेत्रों में छिपी खेल प्रतिभाओं को सामने लाना और युवाओं को खेलों के प्रति प्रेरित करना है। इस आयोजन से स्थानीय खिलाड़ियों को अपनी क्षमता दिखाने का एक बड़ा मंच मिल रहा है।


