Ujjain Murder Case: उज्जैन में पत्नी के इश्क का ऐसा खूनी अंजाम! प्रेमी ने 25 बार चाकू से गोदकर मार डाला पति को, फिर शोक सभा में बन गया हमदर्द! कौन है मास्टरमाइंड? कैसे रचा गया हत्या का प्लान? पढ़िए खौफनाक मर्डर की पूरी दास्तान...

Ujjain Wife Lover Kills Husband: उज्जैन जिले के नागदा क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाले मर्डर केस का खुलासा हुआ है। मृतक हुकुम गिरवाल की हत्या उसके ही पत्नी के प्रेमी मनीष पाटीदार ने अपने साथी के साथ मिलकर की थी। यह वारदात केवल हत्या तक सीमित नहीं रही-हत्यारा मनीष हत्या के अगले ही दिन मृतक के अंतिम संस्कार में भी शामिल हुआ और शोक जताते हुए परिजनों के साथ बैठा।

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18 जुलाई की रात: घर में घुसकर 25 बार किए धारदार वार 

नागदा तहसील के बिरलाग्राम थाना क्षेत्र में 18 जुलाई की रात भगतपुरी निवासी हुकुम गिरवाल की उसके घर में धारदार हथियार से हत्या कर दी गई। आरोपी इतने बेखौफ थे कि उन्होंने मृतक पर 25 से ज्यादा बार वार किए और फिर मौके से फरार हो गए। इस हत्या को दो नकाबपोशों ने अंजाम दिया था।

पुलिस ने आखिर कैसे सुलझाई मर्डर मिस्ट्री?

पुलिस की जांच में जब मृतक की पत्नी की कॉल डिटेल निकाली गई तो राज़ खुलते चले गए। पत्नी के प्रेमी मनीष से उसके लगातार फोन पर संपर्क में होने की बात सामने आई। दोनों के बीच घंटों लंबी बातचीत होती थी। यही कड़ी पुलिस को मनीष तक ले गई।

पुलिस को गुमराह करने के लिए कातिल ने चली कौन सी चाल?

मनीष न केवल हत्या का मास्टरमाइंड था बल्कि उसने खुद को बचाने के लिए इतनी चालाकी से काम किया कि अगले ही दिन वह मृतक के घर पहुंचा, शोक जताया और मृतक के अंतिम संस्कार में भी शामिल हुआ। उसका मकसद था शक की सुई से खुद को दूर रखना।

कब और कैसे रची गई हत्या की साजिश?

एसपी प्रदीप शर्मा के मुताबिक, मनीष ने हत्या से पहले पूरी प्लानिंग की थी। हत्या से आठ दिन पहले ही वह नागदा आया और इलाके की रेकी की। उसने यह देखा कि किस रास्ते से घुसना है और कैसे भागना है। वारदात को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी बाइक से भाग निकले।

 पति की हत्या में पत्नी की क्या थी भूमिका?

पुलिस को इस हत्याकांड में मृतक की पत्नी आरती की भूमिका पर भी शक है। पूछताछ में आरती ने बताया कि हत्या के वक्त वह कमरे में थी और उसके चेहरे पर कंबल डाल दिया गया था, जिससे वह हमलावरों को पहचान नहीं सकी। लेकिन पुलिस को शक है कि वह भी इस साजिश में शामिल हो सकती है।

टेक्निकल एविडेंस और साइबर टीम की मदद से सुलझा केस

इस हत्याकांड के खुलासे में टेक्निकल सबूतों और साइबर सेल की बड़ी भूमिका रही। पुलिस ने मनीष और उसके साथी प्रदीप को गिरफ्तार कर लिया है और अब आरती की भूमिका की गहनता से जांच की जा रही है।