राजस्थान शहर से बहुत दुखद खबर सामने आई है। यहां बीकानेर के पूर्व राजघराने की राजमाता और घराने की सबसे बुजुर्ग महिला सदस्य का निधन हो गया है। इसकी सूचना मिलते ही परिवार के साथ पूरे राज्य में शोक में डूब गया।

बीकानेर (bikaner news). राजस्थान के चार प्रमुख राजघरानों में से एक बीकानेर के पूर्व राजघराने से बड़ी दुखद खबर आ रही है। राजघराने की पूर्व राजमाता और घराने की सबसे बुजुर्ग सदस्या का निधन हो गया है। उनके निधन की सूचना के बाद पूरा राजपरिवार, जिला और प्रदेश शोक में डूब गया है। पूर्व राजघराने के नियमों के अनुसार उनके अंतिम संस्कार की तैयारी की जा रही है। दरअसल बीकानेर पूर्व राजघराने की राजमाता सुशीला कुमारी का 95 साल की उम्र में निधन हो गया है। कुछ समय से उनकी तबियत खराब चल रही थी और डॉक्टरों की पूरी टीम उनकी देखभाल में लगी हुई थी। लेकिन देर रात उनकी सांसे टूट गई।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

पार्थिव देह को लोगों के दर्शन के लिए महल में रखा

राजमाता सुशीला कुमारी बीकानेर के पूर्व महाराजा डॉक्टर करणी सिंह की धर्म पत्नी थीं। वे डूंगरपुर राज परिवार की राजकुमारी थीं और उनकी शादी बीकानेर में हुई थी। विधायक रहीं सिद्धि कुमारी राजमाता सुशीला देवी की पौत्री हैं। राजमाता की पार्थिव देह को राज परिवार के सदस्यों और जनता के अंतिम दर्शन के लिए महल में रखा गया है। उनका अंतिम संस्कार रविवार को किया जाना है।

राजपरिवार ने मेडिकल के क्षेत्र में कराए कई कार्य

राजमाता के निधन पर बीकानेर मेडिकल कॉलेज के सीनियर डॉर्क्टस ने भी खेद प्रकट किया है। एसपी कॉलेज की प्रधानाचार्य डॉक्टर गुंजन सोनी ने कहा कि बीकानेर राज परिवार के द्वारा मेडिकल क्षेत्र में कराए गए कार्यों को भुला नहीं जा सकता। हजारों लोग इन सुविधाओं से लाभ उठा रहे हैं जो सुविधाएं राजपरिवार की ओर से मेडिकल कॉलेज को भेंट स्वरूप दी गई हैं। कई मरीजों के तो एक पैसा भी खर्च नहीं होता और वे स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ उठाकर स्वस्थ हो जाते हैं। उल्लेखनी है कि राजपरिवार की ओर से मेडिकल क्षेत्र में करोड़ों रुपयों की मशीनरी और अन्य योगदान दिए गए हैं।

इसे भी पढ़े- राजपरिवार की सियासत: पिता विश्वेंद्र सिंह ने गहलोत का किया सपोर्ट तो बेटे अनिरुद्ध ने लिखा-'विश्ववासघात'