बीजेपी ने 2026 में होने वाले यूपी और बिहार विधान परिषद (MLC) चुनाव के लिए अपने 10 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर दी है। लखनऊ में कड़ी सुरक्षा के बीच नामांकन प्रक्रिया भी शुरू हो गई है।

नई दिल्ली. भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने मंगलवार को बिहार और उत्तर प्रदेश में 2026 के विधान परिषद (MLC) चुनाव के लिए अपने उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है। पार्टी ने स्नातक (ग्रेजुएट) और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए 10 नामों की लिस्ट जारी की है। बिहार की बात करें तो, बीजेपी ने पटना शिक्षक क्षेत्र से नवल किशोर यादव को टिकट दिया है। वहीं, कोसी स्नातक से एन.के. यादव, दरभंगा स्नातक से सर्वेश कुमार और तिरहुत शिक्षक क्षेत्र से नरेंद्र प्रसाद सिंह को मैदान में उतारा है।

आगरा से वाराणसी तक कौन हैं बीजेपी कैंडिडेट

  • यूपी में भी पार्टी ने अपने पत्ते खोल दिए हैं। वाराणसी स्नातक क्षेत्र से केदार नाथ सिंह, मेरठ स्नातक से दिनेश गोयल, और इलाहाबाद-झांसी स्नातक से अशोक कुमार राठौर चुनाव लड़ेंगे। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की बात करें तो, वाराणसी से प्रमोद मिश्रा, आगरा से हरि किशोर तिवारी और गोरखपुर-फैजाबाद से ध्रुव त्रिपाठी को बीजेपी ने अपना उम्मीदवार बनाया है।बीजेपी के राज्यसभा सांसद और राष्ट्रीय मुख्यालय प्रभारी तरुण चुघ ने यह लिस्ट जारी की है।
  • इधर, मंगलवार को लखनऊ के मंडलायुक्त (डिविजनल कमिश्नर) कार्यालय में एमएलसी चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया भी शुरू हो गई। उम्मीदवार यहां अपने पर्चे दाखिल कर रहे हैं। इसे देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था काफी कड़ी कर दी है। लखनऊ के डीएम और पुलिस अधिकारियों ने खुद मौके पर जाकर सुरक्षा का जायजा लिया। नामांकन स्थल के आसपास पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई है और चप्पे-चप्पे पर नजर रखी जा रही है। पूरी प्रक्रिया शांति से निपट जाए, इसके लिए जिला प्रशासन और पुलिस हाई अलर्ट पर है।
  • डीसीपी (पश्चिम) जितेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि नामांकन को देखते हुए पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने कहा, "स्नातक और शिक्षक एमएलसी क्षेत्रों के लिए मंडलायुक्त कार्यालय में नामांकन शुरू हो गया है। इसे देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया है। मुख्य गेट, रिटर्निंग ऑफिसर के चेंबर, आसपास के इलाकों और ट्रैफिक मैनेजमेंट के लिए जवानों की ड्यूटी लगाई गई है।"
  • डीसीपी ने आगे बताया कि किसी भी तरह की गड़बड़ी रोकने और काम को बिना किसी डर के शांतिपूर्ण तरीके से पूरा कराने के लिए महिला पुलिसकर्मियों और ट्रैफिक पुलिस को भी तैनात किया गया है।