Gurgaon Rain Alert: भारी बारिश की वजह से महंगे ऑटो और कैब से परेशान होकर कर्मचारियों ने मिनी ट्रक किराए पर लेकर घर जाने का रास्ता निकाला। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है और लोग तरह-तरह के कमेंट्स कर रहे हैं।

Gurugram Rains Viral Video: ऑफिस का काम खत्म करके घर जाने की तैयारी ही थी कि अचानक ज़ोरदार बारिश शुरू हो गई। ऐसे में ना छाता था, ना ही लैपटॉप, फ़ोन, टैब जैसी इलेक्ट्रॉनिक चीज़ों वाला बैग लेकर बारिश में जाना आसान था। पानी में भीगने से ये सब खराब हो सकते हैं और ऑफिस का लैपटॉप खराब हुआ तो जुर्माना भी भरना पड़ सकता है। ऑटो या कैब करने की सोचो तो एक भी नहीं मिलता। किसी तरह मिल भी जाए तो मनमाना भाड़ा मांगते हैं। ऐसा आपके साथ भी हुआ होगा। ऐसे में कुछ कर्मचारियों ने पानी से भरी सड़कों पर सुरक्षित घर पहुँचने का नया तरीका ढूंढ निकाला। कोई नाव नहीं, बल्कि सबने मिलकर एक मिनी ट्रक बुक कर लिया और उसमें बैठकर घर चले गए। इसकी तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं।

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ये वाकया गुरुग्राम का है। ट्विटर पर @GargiRawat ने ये वीडियो शेयर किया है। 33 सेकंड के इस वीडियो में एक मिनी ट्रक ऑफिस के बाहर आता है और कर्मचारी उसमें चढ़कर जाते दिख रहे हैं। गुरुग्राम के कुछ युवा कर्मचारियों ने बारिश में घर जाने के लिए मिनी ट्रक किराए पर लिया। ये सुरक्षित ज़रूर नहीं था, लेकिन जब उबर/ओला/रैपिडो नहीं मिल रहे थे या बहुत महंगे थे, तब उन्होंने ये रास्ता चुना। किसी ने कमेंट किया, 'कॉर्पोरेट मज़दूर'। किसी ने लिखा, 'ये हाईलेवल कॉर्पोरेट हब का बुरा हाल है।' इस वीडियो को 6 लाख से ज़्यादा लोग देख चुके हैं।

इस वीडियो पर कई लोगों ने कमेंट्स किए हैं। एक ने मज़ाक में लिखा, 'ऐसे में ट्रैक्टर सबसे बढ़िया है। सस्ता, मज़बूत, खराब सड़कों और कीचड़ में भी चलता है। सरकार सब्सिडी भी देती है और इसकी ट्रॉली में 30 लोग बैठ सकते हैं।' एक ने जवाब दिया, 'ये मज़ाक नहीं है, शायद इन्हें स्टैंडबाय पर रखा जाए।' एक और ने लिखा, 'हमारे प्लंबर कैब ना मिलने की वजह से फँस गए थे। हमारे कॉन्ट्रैक्टर ने उनके लिए पोर्टर से ट्रक बुक किया, वो भी कैंसिल हो गया।' कुछ लोगों ने गुरुग्राम की खराब व्यवस्था पर भी सवाल उठाए और कहा कि ये सिर्फ़ कागज़ों पर ही स्मार्ट सिटी है, असल में तो ये डूबता शहर है। कुछ ने इन्हें 'कॉर्पोरेट मज़दूर' भी कहा।

गाँवों में अक्सर ट्रांसपोर्ट की दिक्कत होती है, ऐसे में ठेकेदार मज़दूरों को ट्रैक्टर या मिनी ट्रक में ले जाते हैं। सॉफ्टवेयर कर्मचारियों को ऐसे जाते देख कई लोगों को गाँव का जीवन याद आ गया। इस वीडियो के बारे में आप क्या सोचते हैं, कमेंट करके बताएँ…

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