लखनऊ के हजरतगंज इलाके में 2 फरवरी को अंतरराष्ट्रीय हिंदू महासभा के अध्यक्ष रंजीत (रणजीत) बच्चन की हत्या कर दी गई थी। इस हत्याकांड के खुलासे के लिए आठ टीमें लगाई गई हैं। ये टीमें हर पहलू पर छानबीन कर रही है। 

लखनऊ (Uttar Pradesh) । लखनऊ के हजरतगंज इलाके में 2 फरवरी को हुई अंतरराष्ट्रीय हिंदू महासभा के अध्यक्ष रंजीत (रणजीत) बच्चन की हत्या के खुलासे के लिए आठ टीमें लगाई गई हैं। ये टीमें हर पहलू पर छानबीन कर रही है। पुलिस ने उन मार्गों की फुटेज खंगाली है, जिधर से अपनी दूसरी पत्नी कालिंदी के साथ रणजीत टहलने जाते थे। पड़ताल में यह बात सामने आया है कि रणजीत की हत्या होने के काफी देर बाद तक पुलिस का कालिंदी से संपर्क नहीं हो पाया था, जबकि वह भी टलने निकली थी। इतना ही नहीं हुसैनगंज पुलिस जब ओसीआर बिल्डिंग बी ब्लॉक स्थित रणजीत के घर पहुंची तो कालिंदी वहां नहीं मिलीं।

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पुलिस से कालिंदी ये बताई
पुलिस की पूछताछ में कालिंदी ने बताया कि टहलते हुए आगे निकल गई और वापस लालबाग पहुंची। इसके बाद वह वहीं पर पार्क के पास टहलने लगीं। 

नौकरी के लिए आई युवती ने दी ये जानकारी
वारदात के हुसैनगंज पुलिस जब ओसीआर बिल्डिंग बी ब्लॉक स्थित रणजीत के घर पहुंची तो कालिंदी वहां नहीं मिलीं। हालांकि गोरखपुर से नौकरी के लिए रणजीत के साथ आई अभिषेक की पत्नी ज्योति से पुलिस ने दुर्घटना के बारे में बताया। ज्योति ने फोन कर कालिंदी को रणजीत के दुर्घटना में घायल होने की जानकारी दी और उनके सिविल में होने की बात कही।

नहीं उठा था रणजीत का फोन
ज्योति ने रणजीत को काफी देर तक फोन मिलाया, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। फिर ध्यान आया कि रणजीत के साथ उनका मुंहबोला भाई आदित्य उर्फ प्रिंस भी टहलने गया है। इसके बाद वह आदित्य को लगातार कॉल करती रहीं, लेकिन बात नहीं हो सकी। 

दोबारा फोन करने पर कालिंदी ने ये दी जानकारी
ज्योति ने दोबारा फोन कर कालिंदी की लोकेशन के बारे में पूछा और बताया कि रणजीत पर फायरिंग की गई है। हालांकि डॉक्टरों ने खतरे से बाहर बताया है। सिविल अस्पताल पहुंचें। यह सुनने के कुछ देर बाद कालिंदी सिविल में पहुंची। फिलहाल अभी पुलिस ने संदेह के आधार पर कुछ करीबियों से पूछताछ की है, जिनमें महिलाएं भी शामिल हैं।

परिवर्तन चौराहे तक की फुटेज खंगाली गई
रणजीत के परिवारजन, आदित्य, कालिंदी और अन्य लोगों के बयान के आधार पर पुलिस ने एक दिन पहले दोबारा ओसीआर बिल्डिंग से लेकर परिवर्तन चौक तक लगे सारे कैमरे खंगाले। यही नहीं उन स्थानों की फुटेज भी निकलवाई जा रही है, जहां शनिवार से पहले रणजीत मार्निंग वॉक पर गए थे।