एसआईटी चीफ नवीन अरोड़ा ने बीते शुक्रवार को चिन्मयानंद और रंगदारी मांगने के आरोप में पीड़िता के तीन दोस्तों को गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश किया था, जिसके बाद कोर्ट ने सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत मे भेज दिया था।

शाहजहांपुर (Uttar Pradesh). स्वामी चिन्मयानंद की गिरफ्तारी के बाद एसआईटी ने पीड़ित छात्रा के तीन दोस्तों को भी गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। यही नहीं, एसआईटी ने यह भी साफ कर दिया था कि छात्रा के खिलाफ रंगदारी मांगने के पुख्ता सुबूत हैं। उसकी भी गिरफ्तार की जा सकती है। साथ ही छात्रा का एक दोस्त अभी बाकी है, जिसकी तलाश की जा रही है। इस बीच रविवार को छात्रा इलाहाबाद के लिए रवाना हो गई। ऐसा माना जा रहा है कि गिरफ्तारी के डर से वह इलाहाबाद गई है। फिलहाल, इसको लेकर छात्रा या उसके परिवार का अभी कोई बयान सामने नहीं आया है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

SIT ने दिए थे छात्रा की गिरफ्तारी के संकेत
एसआईटी चीफ नवीन अरोड़ा ने बीते शुक्रवार को चिन्मयानंद और रंगदारी मांगने के आरोप में पीड़िता के तीन दोस्तों को गिरफ्तार करके कोर्ट में पेश किया था, जिसके बाद कोर्ट ने सभी को 14 दिन की न्यायिक हिरासत मे भेज दिया था। एसआईटी चीफ नवीन अरोड़ा ने प्रेस कॉन्फ्रेंस करके कई चौंकाने वाले खुलासे किए थे। उन्होंने बताया था कि उनके पास मिस A (पीड़ित छात्रा) के खिलाफ भी पुख्ता सुबूत हैं। वह सुबूत स्वामी चिन्मयानंद से रंगदारी मांगने के संबंध में हैं। इसलिए जांच चल रही है। पीड़िता की भी गिरफ्तारी हो सकती है।

गिरफ्तारी की बात सुनकर छात्रा ने दिया था ये बयान
अपनी गिरफ्तारी की बात सुनने के बाद छात्रा ने मीडिया के सामने एसआईटी की भूमिका को लेकर सवाल खड़े किए थे। उसका कहना था कि एसआईटी उसे फंसाने कि साजिश रच रही है। उसने चिन्मयानंद से रंगदारी नहीं मांगी। वो बेकसूर है।