एलआईसी में अगर आपका भी कोई अनक्लेम्ड अमाउंट जमा है तो आप उसे कुछ प्रक्रिया के बाद निकाल सकते हैं। एलआईसी दावा करती है कि आपका रुपया डूबेगा नहीं। इसलिए आप अभी अपना स्टेटस चेक करें और रुपया निकासी कर लें। 

बिजनेस डेस्कः भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) देश की सबसे बड़ी बीमा कंपनी है। यह सरकारी बीमा कंपनी है, इसलिए इस पर लोगों का भरोसा ज्यादा है। दावा है कि यहां पैसा डूबता नहीं है। कई बार लोग लाइफ इन्श्योरेंस की पॉलिसी ले तो लेते हैं और उसे काफी समय तक चलाते भी हैं, लेकिन कई वजहों से पॉलिसी के मेच्योर होने तक जारी नहीं रख पाते। यह भी देखा गया है कि पॉलिसी धारक की अचानक मृत्यु होने के बाद उसके परिजन पॉलिसी का क्लेम नहीं कर पाते। कई मामलों में उन्हें इसके बारे में जानकारी नहीं होती। ऐसी स्थिति में एलआईसी के पास काफी अनक्लेम्ड राशि जमा हो जाती है। इस राशि को हासिल करना आसान है।

Add Asianetnews Hindi as a Preferred SourcegooglePreferred

चेक करने की सुविधा
भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) अपने कस्टमर्स को बकाया दावों या उसके साथ बकाया राशि को चेक करने की सुविधा देता है। LIC की वेबसाइट से यह जानकारी हासिल की जा सकती है। इसके लिए LIC की वेबसाइट पर जाकर पॉलिसी नंबर, पॉलिसीधारक का नाम, जन्म तिथि और पैन कार्ड नंबर की जानकारी देनी होगी।

पॉलिसी नंबर और पैन कार्ड नंबर ऑप्शनल 
यह जानकारी हासिल करने के लिए पॉलिसी नंबर और पैन कार्ड नंबर देना अनिवार्य नहीं है। यह ऑप्शनल है। पॉलिसी धारक का नाम और जन्म तिथि की जानकारी देना सबसे जरूरी है। इसके बिना आप अमाउंट का पता नहीं किया जा सकता।

कैसे चेक करें बकाया राशि
सबसे पहले LIC की वेबसाइट के होम पेज पर जाएं। पेज के सबसे नीचे वाले हिस्से में लिंक की तलाश करनी होगी। अगर इसे खोजने में दिक्कत होती है तो होम पेज के दाएं कोने पर 'सर्च' टैब में 'लावारिस राशि' टाइप करें या इस लिंक https://customer.onlinelic.in/LICEPS/portlets/visitor/unclaimedPolicyDues/UnclaimedPolicyDuesController.jpf पर क्लिक करें। अब अपनी डिटेल भर कर चेक करें।

अमाउंट होने पर LIC से करें संपर्क
आपकी एलआईसी पॉलिसी में आपका भी कुछ अमाउंट है, तो आप सीधे एलआईसी से संपर्क कर सकते हैं और राशि के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके बाद कंपनी KYC जैसी औपचारिकताएं पूरी कर लावारिश राशि के भुगतान की प्रक्रिया शुरू कर देती है। किसी भी धोखाधड़ी के दावों से बचने के लिए केवाईसी को अनिवार्य बना दिया गया है।

नॉमिनी को नहीं होती है जानकारी
कई बार इन्श्योरेंस पॉलिसी के बारे में नॉमिनी को पता ही नहीं होता है। वहीं, जरूरत पड़ने पर पॉलिसी के डॉक्युमेंट नहीं मिलते हैं। इस तरह पॉलिसी धारक की मौत होने पर आश्रित इस रकम पर दावा करने की स्थिति में नहीं रह जाते।

नॉमिनेशन अपडेट कराएं
लाइफ इन्श्योरेंस की पॉलिसी के बारे में नॉमिनी को जरूर पता होना चाहिए। इसके साथ ही, पॉलिसी से संबंधित डॉक्युमेंट को ठीक से रखें। इनके बिना क्लेम हासिल कर पान में दिक्कत होगी। पॉलिसी में नॉमिनेशन को हर हाल में अपडेट कराना चाहिए। 

यह भी पढ़ें- PAN Card गुम हो गया है तो चिंता की बात नहीं, बेहद आसान है इसे बनाने का तरीका