Eye Care Tips: क्या वॉटरलाइन पर काजल लगाना आंखों के लिए सुरक्षित है? जानिए डॉक्टर के अनुसार काजल से स्टाई, कैलाज़ियन और ड्राई आई का खतरा कैसे बढ़ सकता है, साथ ही आंखों की सुरक्षा के लिए जरूरी सावधानियां।
काजल मेकअप का अहम हिस्सा माना जाता है और मार्केट में इसकी कई वैराइटी भी आती हैं। कई महिलाएं रोजाना आंखों की वॉटरलाइन यानी अंदरूनी किनारे पर डार्क काजल लगाती हैं। इसके बाद ऐसा भी होता है कि बिना काजन को हटाए रात में सो भी जाती हैं। लेकिन क्या आप जानती हैं कि इस कारण से आंखों की समस्याओं का जोखिम बढ़ा सकता है? इंस्टाग्राम पोस्ट पर इस विषय के बारे में बताते हुए डॉक्टर आंचल एक खास सलाह देती है। डॉक्टर एक लड़की के आंखों की समस्या को बताते हुई आई केयर टिप्स देती हैं। आप भी जानिए कि काजल को कैसे लगाना चाहिए और लापरवाही के कारण किस समस्या का सामना करना पड़ सकता है।
आंखों में हो सकता है कैलाजिन
पलकों के किनारे पर मीबोमियन ग्रंथियां होती हैं। इन ग्लैंड्स का काम नैचुरल ऑयल बनाना और आंखों की नमी बनाए रखना और आंसुओं को जल्दी सूखने से बचाना होता है। काजल को आंख के वॉटरलाइन पर लगाया जाता है, तो उसके कण, वैक्स और तेल इन ग्रंथियों के छिद्रों के आसपास इकट्ठा हो जाते हैं। डॉक्टर आंचल बताती हैं कि इस कारण से ऑयल का बहाव रुक सकता है।इस कारण से पलकों पर बनने वाली दर्दनाक लाल गांठ या स्टाई (Stye) की समस्या हो जाती है। इसके बाद बिना संक्रमण के भी एक सूजन वाली गांठ बन सकती है, जिसे कैलाजियन कहा जाता है। ये ऑपरेट भी करानी पड़ती है।
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काजल संबंधी डॉक्टर की सलाह
- वॉटरलाइन पर काजल लगाने से बचें और रातभर काजल लगाकर बिल्कुल न सोएं।
- काजल या अन्य आई मेकअप किसी दूसरे व्यक्ति के साथ शेयर करने की गलती न करें।
- काजल को आप डार्क लेयर में वाटरलाइन से थोड़ा बाहर लगाएं ताकि लुक भी सुंदर दिखे और नुकसान भी न पहुंचे।
- अगर आंख में गांठ जैसा एहसास हो तो घरेलू उपाय के बजाय आप डॉक्टर को दिखा सकते हैं।
नोट: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। अगर आपको आंखों में लगातार दर्द, सूजन, बार-बार स्टाई या कैलाजियन की समस्या हो रही है, तो आई स्पेशलिस्ट से जरूर मिलें।
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