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Monsoon Activities:आजकल में कहीं भी भारी बारिश का अलर्ट नहीं, ओडिशा में झमाझम बारिश से होगी अक्टूबर की शुरुआत

भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आजकल में उप हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, पूर्वोत्तर भारत, बिहार के कुछ हिस्सों, झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, विदर्भ, तमिलनाडु रायलसीमा और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में हल्की से मध्यम बारिश के आसार जताए हैं।

Southwest monsoon activities, no heavy rain alert anywhere in the country kpa
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First Published Sep 27, 2022, 9:07 AM IST

मौसम डेस्क. दक्षिण-पश्चिम मानसून(south west monsoon) की वापसी की तारीख ज्यों-ज्यों पास आ रही है, त्यों-त्यों बारिश रुकती जा रही है। आजकल में कहीं भी भारी बारिश के आसार नही हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने आजकल में उप हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, पूर्वोत्तर भारत, बिहार के कुछ हिस्सों, झारखंड, ओडिशा, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, विदर्भ, तमिलनाडु रायलसीमा और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में हल्की से मध्यम बारिश के आसार जताए हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश, पूर्वोत्तर भारत, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, मराठवाड़ा और केरल में बारिश संभव है। उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर और हिमाचल प्रदेश में एक या दो स्थानों पर हल्की बारिश संभव है। मौसम विभाग के अनुसार, एक ट्रफ रेखा चक्रवाती हवाओं के क्षेत्र पंजाब और उससे सटे क्षेत्र से उत्तर प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल होते हुए बंगाल की उत्तर-पश्चिमी खाड़ी तक फैली हुई है। एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र पश्चिम बंगाल की खाड़ी के ऊपर बना हुआ है। इससे भी मानसूनी गतिविधियों पर असर पड़ेगा। (पहली तस्वीर दिल्ली की है)

Southwest monsoon activities, no heavy rain alert anywhere in the country kpa

(यह तस्वीर बेंगलुरु की है)

1 अक्टूबर से ओडिशा में बारिश की गतिविधियां बढ़ेंगी 
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने कहा है कि ओडिशा में एक अक्टूबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ जाएंगी। इस बीच भुवनेश्वर सहित राज्य के कई हिस्सों में दिन में बिजली गिरने के साथ गरज के साथ तेज बारिश हुई है।आईएमडी ने कहा कि बंगाल की खाड़ी और पड़ोस के क्षेत्र में चक्रवाती परिसंचरण(cyclonic circulation) के कारण बारिश हुई थी।

क्षेत्रीय मौसम विज्ञान केंद्र, भुवनेश्वर के निदेशक एचआर बिस्वास ने कहा कि भुवनेश्वर में सोमवार को सुबह 8.30 बजे से शाम 5.30 बजे के बीच सबसे अधिक 10.2 मिमी बारिश हुई। इसके अलावा खतरनाक रूप से बिजली भी गिरी। उन्होंने कहा कि मलकानगिरी, कोरापुट, रायगडा, कंधमाल, कालाहांडी, क्योंझर, मयूरभंज और सुंदरगढ़ जिलों के साथ-साथ पूरे तटीय क्षेत्र में गरज और बिजली गिरने की गतिविधियां जारी रहेंगी। आईएमडी ने कहा कि बालासोर, भद्रक, जाजपुर, केंद्रपाड़ा, कटक, जगतसिंहपुर, पुरी, खुर्दा, नयागढ़, गंजम, गजपति, मलकानगिरी, कोरापुट, रायगढ़, कंधमाल, कालाहांडी, सुंदरगढ़, क्योंझर और मयूरभंज जिलों में मंगलवार को एक या दो स्थानों पर बिजली गिरने की आशंका है। मौसम की ऐसी ही स्थिति बुधवार को भी बनी रहेगी। 26 सितंबर और 27 सितंबर को भी कई जिलों में गरज के साथ छींटे पड़ने की चेतावनी जारी की गई है और 30 सितंबर तक हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है।

बीते दिन इन राज्यों में बारिश होती रही
स्काईमेट वेदर(skymet weather) के अनुसार, बीते दिन हिमाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश हुई। तमिलनाडु में एक या दो स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हुई।जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों, झारखंड, तटीय आंध्र प्रदेश, रायलसीमा, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के कुछ हिस्सों और तटीय महाराष्ट्र में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। जबकि जम्मू-कश्मीर, सिक्किम, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, पूर्वोत्तर भारत, झारखंड, उत्तर प्रदेश, केरल और कर्नाटक में एक या दो स्थानों पर हल्की बारिश हुई।्र

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