MLC Election Result 2026 : उत्तर प्रदेश के 11 विधान परिषद की सीटों की मतगणना जारी है। भाजपा अब तक 5 सीटें जीत चुकी है। लेकिन काशी में सबसे बड़ा उलटफेर देखने को मिल रहे हैं। जहां सपा के उम्मीदवार नेता लाल बिहारी यादव ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार प्रमोद कुमार मिश्रा को हराया है।
काशी/ वारणसी. उत्तर प्रदेश, बिहार, महाराष्ट्र और कर्नाटक समेत 4 राज्यों की 28 विधान परिषद की सीटों के रिजल्ट के लिए वोटों की गिनती जारी है। इस बार के चुनाव में बड़े उलटफेर देखने को मिल रहे हैं। इस बीच यूपी में 11 में से भाजपा अब तक 5 सीटें जीती हैं, जबकि वाराणसी शिक्षक सीट समाजवादी पार्टी जीत गई है। सपा नेता लाल बिहारी यादव ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) के उम्मीदवार प्रमोद कुमार मिश्रा को 4,898 वोटों के अंतर से हराया है।
कौन हैं लाल बिहारी यादव?
लाल बिहारी यादव समाजवादी पार्टी के नेता और शिक्षक प्रतिनिधि हैं। वह वाराणसी खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से विधान परिषद सदस्य (MLC) हैं। इस चुनाव में उन्होंने दूसरी बार जीत हासिल की है। इससे पहले 2020 के चुनाव में भी उन्होंने बीजेपी के डॉ. प्रमोद कुमार मिश्रा को हराया था। इस बार भी दोनों नेताओं के बीच मुकाबला था, जिसमें लाल बिहारी यादव ने अपनी सीट बचा ली।
कितने वोट मिले, कितने वोटों से हुई जीत?
मतगणना के अंतिम आंकड़ों के अनुसार, लाल बिहारी यादव को कुल 11,612 वोट मिले, जबकि बीजेपी के डॉ. प्रमोद कुमार मिश्रा को 6,597 वोट प्राप्त हुए। इस तरह लाल बिहारी यादव ने 5,015 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की। निर्दलीय उम्मीदवार चेतनारायण सिंह को 3,471 वोट मिले।
पहले चरण में ही वोटों में भी बनाई बढ़त
- शिक्षक MLC चुनाव में मतदाताओं को उम्मीदवारों के लिए वरीयता दर्ज करने का विकल्प मिलता है। पहली वरीयता की गिनती में लाल बिहारी यादव को 10,958 वोट मिले, जबकि प्रमोद कुमार मिश्रा को 6,060 वोट प्राप्त हुए। पहली वरीयता के वोटों में ही सपा उम्मीदवार ने 4,898 वोटों की बढ़त बना ली थी।
- हालांकि, कुल वैध मतों के मुकाबले जरूरी संख्या पूरी नहीं होने के कारण दूसरी वरीयता के वोटों की गिनती भी की गई। इसके बाद लाल बिहारी यादव की जीत का अंतर बढ़कर 5,015 वोट हो गया।
बीजेपी उम्मीदवार को क्यों मिली हार?
डॉ. प्रमोद कुमार मिश्रा शिक्षक नेता के रूप में पहले भी चुनाव लड़ चुके हैं। इस बार वह बीजेपी के टिकट पर मैदान में उतरे थे। दूसरी ओर, सपा ने लाल बिहारी यादव पर दोबारा भरोसा जताया। अंतिम नतीजों में लाल बिहारी यादव ने अपनी बढ़त बनाए रखी और लगातार दूसरी बार विधान परिषद में पहुंचने में सफल रहे।
सपा ने मनाया जीत का जश्न
नतीजा सामने आने के बाद सपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने खुशी जाहिर की। पार्टी के लिए यह जीत इसलिए भी अहम है, क्योंकि वाराणसी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का संसदीय क्षेत्र है। शिक्षक MLC सीट पर जीत के साथ सपा ने इस क्षेत्र में अपना प्रतिनिधित्व बरकरार रखा है।






