बरेली के मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी ने सीएम योगी को पत्र लिखकर सुन्नी और शिया वक्फ बोर्ड की जांच की मांग की। उन्होंने वक्फ संपत्तियों में बड़े घोटाले का दावा किया।
Maulana Shahabuddin Razvi Bareilvi on Waqf Board: बरेली में ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी बरेलवी ने वक्फ संपत्तियों को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि यदि निष्पक्ष और गहराई से जांच कराई जाए तो वक्फ संपत्तियों से जुड़े बड़े घोटाले सामने आ सकते हैं। उन्होंने इस मामले में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर सुन्नी वक्फ बोर्ड और शिया वक्फ बोर्ड, दोनों की जांच कराने की मांग की है।
सीएम योगी को लिखा पत्र
मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी ने कहा कि उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर दोनों वक्फ बोर्डों की विस्तृत जांच कराने का अनुरोध किया है। उनका कहना है कि जांच से वक्फ संपत्तियों के प्रबंधन और लेन-देन से जुड़े कई तथ्य सामने आ सकते हैं।
समाजवादी पार्टी के शासनकाल पर लगाए आरोप
रज़वी ने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी के लंबे शासनकाल के दौरान वक्फ की कई संपत्तियों को नुकसान पहुंचाया गया। उनके अनुसार, उस समय वक्फ संपत्तियों के संरक्षण और प्रबंधन में गंभीर अनियमितताएं हुईं।
आज़म खान पर भी लगाए आरोप
मौलाना रज़वी ने कहा कि समाजवादी पार्टी के चारों कार्यकाल में आज़म खान के पास अल्पसंख्यक कल्याण और वक्फ विभाग की जिम्मेदारी रही। उनका आरोप है कि इस दौरान उनके करीबी लोगों को वक्फ बोर्ड में चेयरमैन और सदस्य बनाया गया। उन्होंने दावा किया कि बोर्ड के कुछ सदस्यों और अधिकारियों ने कथित तौर पर भूमि माफिया और बिल्डरों के साथ मिलकर करोड़ों रुपये मूल्य की जमीनें बेहद कम कीमत पर बेच दीं।
'जांच हुई तो बड़े घोटाले सामने आएंगे'
मौलाना शहाबुद्दीन रज़वी ने कहा कि यदि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाती है, तो वक्फ संपत्तियों से जुड़े बड़े वित्तीय घोटालों का खुलासा हो सकता है। उनका दावा है कि ऐसी जांच होने पर लोगों का ध्यान राम मंदिर चंदे से जुड़े कथित चोरी के मामले से हटकर वक्फ संपत्तियों से जुड़े कथित घोटालों की ओर जाएगा।


