PM मोदी ने जोधपुर एयरपोर्ट की 480 करोड़ रुपये की नई टर्मिनल बिल्डिंग का उद्घाटन किया और संशोधित UDAN योजना लॉन्च की। नया टर्मिनल आधुनिक सुरक्षा, ग्रीन डिजाइन और 20 लाख यात्रियों की वार्षिक क्षमता से लैस है।
जोधपुर, राजस्थान: मरुधरा की वीर भूमि और राजपूती आन-बान-शान के प्रतीक सूर्य नगरी जोधपुर में आज नागरिक उड्डयन (Aviation) के एक नए युग का सूत्रपात हुआ है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने धुआंधार राजस्थान दौरे के दौरान जोधपुर एयरपोर्ट पर 480 करोड़ रुपये की लागत से बनकर तैयार हुई बेहद भव्य और अत्याधुनिक नई टर्मिनल बिल्डिंग का उद्घाटन किया। यह सिर्फ एक इमारत नहीं, बल्कि मारवाड़ की लोक संस्कृति और 21वीं सदी की आधुनिक तकनीक का एक ऐसा अकल्पनीय संगम है जो आने वाले समय में राजस्थान के विकास की उड़ान को नई ऊंचाई देने वाला है। इसके साथ ही, पीएम मोदी ने देश की क्षेत्रीय कनेक्टिविटी का चेहरा बदलने वाली संशोधित UDAN योजना का भी आगाज किया।

शाही झरोखों में भविष्य की तकनीक: 5-स्टार ग्रीन बिल्डिंग का 'इको-फ्रेंडली' सस्पेंस
जोधपुर एयरपोर्ट का यह नया टर्मिनल पहली नजर में किसी आधुनिक हवाई अड्डे की जगह राजस्थान का कोई भव्य और ऐतिहासिक राजमहल नजर आता है। राजस्थान की सदियों पुरानी शाही वास्तुकला से प्रेरित इस टर्मिनल में पारंपरिक और कलात्मक मेहराबों के साथ-साथ बेहद खूबसूरत झरोखे बनाए गए हैं। 23,000 वर्ग मीटर से भी ज्यादा बड़े भूभाग में फैले इस आलीशान टर्मिनल की क्षमता अब सालाना 20 लाख यात्रियों को संभालने की हो गई है। लेकिन, इस शाही लुक के पीछे पर्यावरण को बचाने का एक बड़ा सीक्रेट छिपा है। यह पूरा टर्मिनल 5-स्टार GRIHA ग्रीन बिल्डिंग के कड़े मानकों को पूरा करता है। इसका मतलब है कि यह इमारत पूरी तरह से ऊर्जा-कुशल है और कम से कम बिजली की खपत कर पर्यावरण के अनुकूल काम करेगी।
आखिर क्यों खास है जोधपुर का नया टर्मिनल?
23,000 वर्ग मीटर से अधिक क्षेत्र में फैली यह नई टर्मिनल बिल्डिंग सालाना लगभग 20 लाख यात्रियों की क्षमता रखती है। इसकी सबसे बड़ी खासियत इसका डिजाइन है, जो राजस्थान की पारंपरिक शाही वास्तुकला से प्रेरित है। भवन में मेहराब, झरोखे और स्थानीय स्थापत्य शैली की झलक देखने को मिलती है। इसके अलावा, यह टर्मिनल 5-स्टार GRIHA ग्रीन बिल्डिंग मानकों के अनुरूप बनाया गया है। इसका मतलब है कि भवन ऊर्जा दक्ष, पर्यावरण-अनुकूल और टिकाऊ निर्माण के सिद्धांतों पर आधारित है।
10 सेकंड में बारूद का खात्मा: 'NanoSniffer' और डुअल-एनर्जी एक्स-रे का अभेद्य किला
इस नए टर्मिनल की सबसे बड़ी और चौंकाने वाली खासियत है इसकी 'मल्टी-लेयर' सुरक्षा व्यवस्था, जिसने जोधपुर एयरपोर्ट को एक अभेद्य किले में बदल दिया है। यहाँ वेहान टेक्नोलॉजीज (Vehant Technologies) द्वारा एडवांस्ड कंप्यूटर विज़न और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से लैस 9 एक्स-रे बैगेज स्क्रीनिंग सिस्टम लगाए गए हैं। ये स्कैनर 'डुअल-एनर्जी इमेजिंग' तकनीक पर काम करते हैं, जो सुरक्षाकर्मियों को सामान का हॉरिजॉन्टल और वर्टिकल (दोनों तरफ का) व्यू एक साथ दिखाते हैं। इससे छिपाकर रखा गया कोई भी प्रतिबंधित सामान, ड्रग्स या हथियार पलक झपकते ही पकड़ा जाएगा। सुरक्षा का असली सस्पेंस यहीं खत्म नहीं होता। एयरपोर्ट पर 6 ऐसे एक्सप्लोसिव ट्रेस डिटेक्टर (ETD) लगाए गए हैं, जो दुनिया की पहली नैनोसेंसर-आधारित तकनीक पर चलते हैं। 'NanoSniffer' ब्रांड नाम वाले ये डिटेक्टर यात्रियों के कपड़ों, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस या गाड़ियों पर लगे विस्फोटक (Rdx/Explosive) के सबसे सूक्ष्म अंश को भी 10 सेकंड से कम समय में ढूंढ निकालते हैं। यानी अब कोई भी संदिग्ध चीज़ सुरक्षा घेरे को चकमा नहीं दे पाएगी।
28,840 करोड़ का 'मेगा गेमचेंजर': पीएम मोदी ने लॉन्च की नई 'उड़ान'
टर्मिनल के उद्घाटन के साथ ही प्रधानमंत्री ने देश के एविएशन सेक्टर को बूस्ट देने के लिए संशोधित UDAN (उड़ान) योजना की शुरुआत की, जिसके लिए सरकार ने 28,840 करोड़ रुपये का भारी-भरकम बजट आवंटित किया है। इस महत्वाकांक्षी योजना का मुख्य फोकस देश के दूर-दराज के इलाकों को हवाई मार्ग से जोड़ना है। इसके तहत अगले एक दशक में देश भर के 100 नए या कम इस्तेमाल होने वाले एयरपोर्ट्स को पूरी तरह चालू किया जाएगा और पहाड़ी व दुर्गम इलाकों में 200 नए हेलीपैड विकसित किए जाएंगे।
रिफाइनरी में सीक्रेट इंस्पेक्शन और 1.06 लाख करोड़ की सौगात: मोदी का मिनट-दर-मिनट कार्यक्रम
जोधपुर में इस एविएशन क्रांति की शुरुआत करने के बाद पीएम मोदी का काफिला सीधे बालोतरा (पचपदरा) के लिए रवाना हुआ, जहां वे लगभग 1.06 लाख करोड़ रुपये की रिकॉर्ड-ब्रेकिंग विकास परियोजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन करने वाले हैं। इस ऐतिहासिक दिन के पल-पल के कार्यक्रम पर पूरे देश की नजरें टिकी हुई हैं:
- सुबह 10:45 बजे: विशेष वीवीआईपी विमान से सीधे जोधपुर एयरपोर्ट पर लैंडिंग।
- सुबह 11:00 बजे: जोधपुर के नए टर्मिनल का फीता काटना और संशोधित UDAN योजना को हरी झंडी दिखाना।
- सुबह 11:20 बजे: सेना के विशेष हेलीकॉप्टर से सीधे पचपदरा (बालोतरा) के लिए उड़ान भरना।
- दोपहर 12:15 बजे: बहुप्रतीक्षित HPCL रिफाइनरी के मुख्य कंट्रोल रूम में पहुंचना, रिफाइनरी कॉम्प्लेक्स का सघन निरीक्षण करना और परिसर में पौधा लगाना।
- दोपहर 12:45 बजे: बालोतरा के मुख्य सार्वजनिक मंच और जनसभा स्थल पर आगमन।
- दोपहर 12:52 बजे: 'विकसित राजस्थान' थीम पर बनी एक विशेष शॉर्ट फिल्म की स्क्रीनिंग देखना।
- दोपहर 01:15 बजे: प्रधानमंत्री द्वारा एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए मारवाड़ को करोड़ों की सौगात देना।
- दोपहर 01:45 बजे: बालोतरा से वापस जोधपुर के लिए प्रस्थान।
- दोपहर 02:40 बजे: जोधपुर एयरपोर्ट वापसी।
- दोपहर 02:45 बजे: जोधपुर से साणंद (अहमदाबाद, गुजरात) के अगले मिशन के लिए उड़ान भरना।


