राजस्थान के चित्तौड़गढ़ में जज अपनी पत्नी के साथ कोठी एक्सप्रेस (17606) में सवार हुए थे। लेकिन उन्हें नहीं पता था कि यह यात्री उनकी पत्नी के साथ आखिरी होगी। क्योंकि ट्रेन के टॉयलेट के अंदर उनकी हार्ट अटैक से मौत हो गई।

राजस्थान के चित्तौड़गढ़ से एक दुखद और सतर्क करने वाली खबर सामने आई है। जहां एक एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज (एडीजे) की पत्नी की ट्रेन के टॉयलेट में मौत हो गई। हैरानी की बात यह है कि जब डॉक्टरों ने जांच की तो जान जाने की वजह हार्ट अटैक था। यानि दिल का दौरा पड़ने से उनकी सांसे थम गईं। 

कोठी एक्सप्रेस ट्रेन में सवार हुए थे जज और उनकी पत्नी

दरअसल, जज की पत्नी का शव बुधवार यानि 4 मार्च को ट्रेन के टॉयलेट से मिला। जीरआपी ने शव की पहचान चित्तौड़गढ़ जिले के निंबाहेड़ा में पोस्टेड एडीजे राजकुमार चौहान की पत्नी उषा चौहान के रूप में की। रेलवे ने दी जानकारी के मुताबिक, एडिशनल डिस्ट्रिक्ट जज 3 मार्च को काचीगुड़ा-भगत की कोठी एक्सप्रेस (17606) में जोधपुर के भगत की कोठी स्टेशन से रात 11:30 ट्रेन में सवार हुए थे। पति-पत्नी दोनों का रिजर्वेशन अलग अलग था। यह खबर हमको अलर्ट करती है कि आपकी साथी किसी बीमारी से ग्रसित हैं या फिर वह बुजुर्ग हैं तो एक ही कोच में बैठें। अगर एक ही कोच में जज की पत्नी की सीट होती तो शायद आज वह जिंदा हो सकती थीं।

 ्स्टेशन आया तो जज उतर गए…लेकिन पत्नी नहीं उतरीं

अलग-अलग कोच में था। जैसे ही गाड़ी सुबह चित्तौड़गढ़ स्टेशन पर पहुंची तो राजकुमार चौहान उतर गए, लेकिन पत्नी नहीं उतरी। इसके बाद ट्रेन रवाना हो गई। जब पत्नी स्टेशन पर नहीं उतरीं तो जज घबरा गए और काफी देर तक स्टेशन पर इधर उधर तलाशा, लेकिन वह कहीं नहीं दिखाई दीं। फोन किया तो रिसीव नहीं किया। इसके बाद उन्होंने इसकी सूचना रेलवे को दी। फिर जीआरपी ने सीसीटीवी चेक किए तो वह किसी भी कोच से उतरते हुए नजर नहीं आई। इसके बाद आगे के स्टेशनों को सूचना दी गई।

पति को टॉयलेट का बोलकर गईं और थम गईं सांसे

बता दें कि ट्रेन रतलाम जिले के जावरा स्टेशन पहुंच चुकी थी। रेलवे की सूचना पर जीआरपी पुलिस ने जज की पत्नी के मोबाइल नंबर के आधार पर लोकेशन ट्रेस की तो वह ट्रेन के अंदर मिली। इसके बाद जीआरपी ने उस कोच में जाकर तलाश किया, जिस कोच में महिला का रिजर्वेशन था। लेकिन वह वहां भी नहीं मिलीं तो जीआरपी ने ट्रेन के टॉयलेट में जाकर सर्च किया तो एक टॉयलेट का दरवाजा बंद था। जब दरवाजा नहीं खुला तो उसको तोड़ दिया गया। अंदर देखा तो जज की पत्नी उषा अंदर पड़ी थीं। आनन फानन में उनको जावरा के अस्पताल ले जाया गया। लेकिन डॉक्टरों ने उन्हे मृत घोषित कर दिया।